बिजली विभाग के जेई प्रदीप की हत्या के खुलासे में पुलिस जुटी हुई है। पुलिस तीन मुख्य बिंदुओं पर जांच कर रही है। इनमें लूट का विरोध करने पर जेई को गोली मारना, बकाएदार से हुआ विवाद और कॉलोनाइजर को शामिल किया गया है। वहीं, पुलिस का दावा है कि मामले में महत्वपूर्ण सुराग भी हाथ लग चुके हैं।
विज्ञापन
2 of 5
घटनास्थल पर आईजी ए सतीश गणेश व अन्य पुलिसकर्मी
- फोटो : अमर उजाला
जमुनापार के डहरुआ रोड पर चंद्रावलि कोल्ड स्टोर के पास 16 जनवरी की रात बिजली विभाग जेई प्रदीप कुमार की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस की 10 टीमें खुलासे में जुटी हुई हैं। पुलिस जेई से लूट की कोशिश करने से इनकार नहीं कर रही है। पुलिस जांच में यह एंगल भी साथ लेकर चल रही है।
विज्ञापन
3 of 5
एसएसपी शलभ माथुर
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस का मानना है कि विरोध करने पर लुटेरों ने गोली मार दी हो। ऐसा इसलिए कि 20 मीटर की दूरी पर कोल्ड स्टोरेज और 100 मीटर की दूरी पर इंडेन गैस गोदाम के चौकीदारों ने गोली की आवाज सुनी थी। दोनों चौकीदारों के गेट खोलने की आवाज सुनकर लुटेरे भाग खड़े हुए थे। जेई से पर्स, बाइक, लैपटॉप और दो मोबाइल न लूट सके हों।
4 of 5
दिवंगत प्रदीप कुमार के पुत्र व परिवारीजन
- फोटो : अमर उजाला
इसके अलावा बकाएदार का कनेक्शन काटने को लेकर हुआ झगड़े से इनकार नहीं किया जा सकता। उधर, कॉलोनाइजर ईमानदार जेई के न बिकने पर हत्या करा सकते हैं। इन तीनों तथ्यों पर जांच में कई अहम सुराग हाथ लगे हैं, पर फिलहाल कुछ भी बताने को तैयार नहीं है। सीओ सिटी राकेश कुमार ने बताया कि तीन एंगलों पर जांच में महत्वपूर्ण तथ्य हाथ लगे हैं। जल्द ही खुलासा कर दिया जाएगा।
जेई प्रदीप कुमार की हत्या के विरोध में प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस के ऊपर इस हत्याकांड के खुलासे को लेकर बड़ा दबाव है। गौरतलब है कि बिजली विभाग के कर्मचारी हत्याकांड के विरोध में प्रदर्शन पर थे। पुलिस ने जल्द खुलासे का आश्वासन दिया था।