फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

तिहरे हत्याकांड : मुख्य आरोपी का एक और भाई गुनाह का भागीदार, पुलिस ने किया गिरफ्तार

Sun, 06 Sep 2020 08:50 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
विज्ञापन
1 of 6
आगरा ट्रिपल मर्डर - फोटो : अमर उजाला
आगरा के नगला किशनलाल में परचून व्यापारी रामवीर, उनकी पत्नी मीरा और बेटे बबलू की हत्या के मामले में पुलिस ने एक और आरोपी राकेश को गिरफ्तार कर लिया। वह मास्टरमाइंड सुभाष का छोटा भाई है। हत्याकांड के बाद वह नींद से जाग गया था। बाहर आया था। उसने हत्याकांड के बाद साक्ष्य मिटाने में अपने भाइयों की मदद की थी। बबलू के कागजात का बैग भी छिपा दिया था। पुलिस के आने पर नजर रखता रहा था। 
विज्ञापन

2 of 6
आगरा ट्रिपल मर्डर: रामवीर, पत्नी मारी और बेटा बबलू (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला
थाना एत्माद्दौला क्षेत्र के नगला किशनलाल निवासी रामवीर घर में ही परचून की दुकान चलाते थे। 30 अगस्त की रात को रामवीर, उनके बेटे बबलू और पत्नी मीरा की हत्या की गई थी। शवों को जलाने की कोशिश की गई थी। दूसरे दिन घर में शव मिलने पर परिवार के लोगों को जानकारी हुई थी। 
विज्ञापन

3 of 6
आरोपी सुभाष (बायें), मृतक बबलू (दायें) - फोटो : अमर उजाला
तिहरे हत्याकांड को बबलू के दोस्त सुभाष ने अंजाम दिया था। उसके साथ भाई गजेंद्र, उसका दोस्त वकील थे। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार करके जेल भेजा था। साक्ष्य मिटाने पर सुभाष की मां एलम देवी और पिता वीरपाल को भी जेल भेजा गया था। 

4 of 6
तिहरे हत्याकांड के आरोपी सुभाष और वकील - फोटो : अमर उजाला
बाद में पुलिस को पता चला कि घटना के समय सुभाष का भाई राकेश भी जाग गया था। इस पर उसे भी पकड़ लिया गया। उसने भी साक्ष्य मिटाए। सीओ छत्ता विकास जायसवाल ने बताया कि केस में जल्द चार्जशीट लगाई जाएगी। इसके लिए एफएसएल की रिपोर्ट भी जल्द मंगवाएंगे। 
विज्ञापन

5 of 6
आगरा ट्रिपल मर्डर - फोटो : अमर उजाला
थाना एत्माद्दौला के प्रभारी निरीक्षक उदयवीर मलिक ने बताया कि हत्यारोपी सुभाष सात भाई हैं। इनमें जसवंत विकलांग है। वह पत्नी और चार बच्चों के साथ रहता है। उसके साथ ही मकान में राजू, सुरजीत, सुभाष, राकेश भी रहते हैं। दो भाई गजेंद्र और जोगेंद्र बाहर रहते थे। 
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
इसी कमरे में बबलू और रामवीर का मारा गया था - फोटो : अमर उजाला
गजेंद्र सुभाष का साथ देने के लिए आया था। घटना वाले दिन जागेंद्र को छोड़कर तकरीबन 16 लोग थे। हालांकि सुभाष के माता-पिता के अलावा भाई राकेश ही जागा था। इसलिए उसे जेल भेजा गया है। अन्य की संलिप्तता को लेकर विवेचना की जा रही है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें