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Taekwondo: पिता ने दिन-रात ऑटो चलाकर बेटी को बनाया ताइक्वांडो खिलाड़ी, अंतरराष्ट्रीय चैंपियनशिप में दिखाएगी दम

Thu, 07 Jul 2022 12:35 AM IST
मुकेश कुमार सिद्धार्थ चतुर्वेदी, अमर उजाला आगरा
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माता-पिता के साथ ताइक्वांडो खिलाड़ी स्वाति - फोटो : अमर उजाला
कौन सा हुनर किसके अंदर छिपा है यह तब तक पता नहीं चल पाता, जब तक किसी पारखी की नजर न पड़े। आगरा के स्वामीबाग की रहने वाली 18 वर्षीय स्वाति शुक्ला के बारे में ऐसा कहा जाए तो गलत नहीं होगा। 10 वर्ष की उम्र में स्वाति शुक्ला ने चार फीट ऊपर रखे गिलास को एक लात से हवा में उड़ा दिया। बेटी की प्रतिभा को ऑटो चालक पिता अनिल शुक्ला ने परखा। अनिल ने बेटी के लिए रात में भी ऑटो चलाना शुरू कर दिया। ताइक्वांडो खिलाड़ी स्वाति शुक्ला सितंबर के अंतिम सप्ताह में नेपाल के काठमांडू में होने वाली अंतरराष्ट्रीय ताइक्वांडो चैंपियनशिप में खेलेंगी। 

राष्ट्रीय ताइक्वांडो खिलाड़ी स्वाति के पिता अनिल बताते हैं कि अगले दिन मैं बेटी को एकेडमी ले गया। बेटी का खेल आर्थिक तंगी के कारण कभी रुक नहीं सके, इसलिए रात में भी ऑटो चलाना शुरू कर दिया। बेटी की खातिर हर रोज 15 घंटे ऑटो चलाता हूं। मुझे इस बात की खुशी होती है कि स्वाति ने भी मेरे सपनों को साकार करना शुरू कर दिया है। अभी तक के करियर में जिला स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर के दस पदक मुझे स्वाति दे चुकी है।   
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माता-पिता के साथ ताइक्वांडो खिलाड़ी स्वाति - फोटो : अमर उजाला

प्रयास रहता है कि खुद उसे छोड़ने जाएं

आगरा कॉलेज में बीए एलएलबी की छात्रा स्वाति के पिता का प्रयास रहता है कि कि वह उसे खुद ऑटो से एकेडमी छोड़ने जाएं। कई बार ऐसा भी होता है कि सवारियां मिलने के कारण पिता अनिल घर नहीं आ पाते हैं तो स्वाति पैदल एकेडमी पहुंच जाती हैं। 
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ताइक्वांडो खिलाड़ी स्वाति शुक्ला - फोटो : अमर उजाला

संयम है ताकत

फोर डॉन ब्लैक बेल्ट राष्ट्रीय कोच पंकज शर्मा ने स्वाति को ताइक्वांडो की बारीकियां सिखाई हैं। कोच पंकज कहते हैं कि संयम स्वाति के खेल की सबसे बड़ी ताकत है। उसे पता होता है कि विरोधी खिलाड़ी कहां चूक कर रहा है। अवसर का इंतजार करती है। मौका मिलते ही वार करना उसके खेल का अहम हिस्सा है। 

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माता-पिता के साथ ताइक्वांडो खिलाड़ी स्वाति - फोटो : अमर उजाला

पैरों में तेल लगा देती हूं- मां 

स्वाति की मां इंदु शुक्ला ने बताया कि थकान भरे दिन के बाद बेटी पर पढ़ाई का बोझ भी रहता है और वह काफी थक जाती है। इललिए रात में सोने से पहले पैरों में तेल लगा देती हूं।  

पदक लाना मकसद- स्वाति

ताइक्वांडो खिलाड़ी स्वाति शुक्ला ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय ताइक्वांडो चैंपियनशिप में पदक लाना मेरा मकसद है। इसके लिए चार घंटे हर रोज अभ्यास करती हूं। 
 
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ताइक्वांडो खिलाड़ी स्वाति शुक्ला - फोटो : अमर उजाला

स्वाति की उपलब्धियां 

  • सन 2021 में गुड़गांव में हुई अंतरराष्ट्रीय सिख गेम्स की ताइक्वांडो स्पर्धा में पूमसे जूनियर वर्ग में स्वर्ण पदक जीता। 
  • सन 2022 में आगरा में हुई आगरा ताज इंटरनेशनल ताइक्वांडो चैंपियनशिप में पूमसे में स्वर्ण पदक प्राप्त किया।
  • सन 2021 में आगरा में हुई इंटर यूनिवर्सिटी वुमेंस ताइक्वांडो चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीता। 
  • सन 2021 में आगरा में हुई ओपन वेर्स्टन यूपी ताइक्वडो कप में स्वर्ण पदक विजेता बनीं।  
  • सन 2021 में आगरा में हुई आगरा ओपन रीजनल समर कप चैंपियनशिप में गोल्ड जीता।
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