फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आगरा: 'छपाक' वाली एसिड अटैक सर्वाइवर बाला के लिए दीपिका पादुकोण ने की मदद, किडनी ट्रांसप्लांट को दिए दस लाख रुपये

Fri, 03 Sep 2021 12:20 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क अमर उजाला, आगरा
विज्ञापन
1 of 5
एसिड अटैक सर्वाइवर के साथ फिल्म अभिनेत्री दीपिका पादुकोण - फोटो : social media
शिरोज हैंगआउट कैफे में काम करने वाली एसिड अटैक सर्वाइवर बाला प्रजापति की जिंदगी को बचाने के लिए बॉलीवुड अभिनेत्री दीपिका पादुकोण ने मदद के हाथ बढ़ाए हैं। मूलरूप से बिजनौर निवासी 25 साल की बाला की दोनों किडनी फेल हो गई हैं। दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में भर्ती हैं। फिल्म अभिनेत्री ने इलाज के लिए दस लाख रुपये दिए हैं। बाला के किडनी ट्रांसप्लांट के लिए 16 लाख रुपये की जरूरत है। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। शिरोज हैंगऑउट कैफे ने क्राउड फंडिंग अभियान चलाया। बाला के लिए 10.78 लाख रुपये जुटाए गए। अब दीपिका पादुकोण की मदद से ट्रांसप्लांट संभव हो पाएगा। स्वास्थ्य खराब होने पर विगत दिनों उनको लखनऊ के राम मनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया था। यहां जांच में उनकी किडनी फेल होने का पता चला। इसके बाद उन्हें दिल्ली के सफदरगंज अस्पताल में शिफ्ट किया गया। उनकी दो बार डायलिसिस हो चुकी है।
विज्ञापन

2 of 5
छपाक - फोटो : Social Media
फिल्म छपाक में कर चुकी हैं अभिनय
बाला कॉमेडी नाइट विद कपिल शो में जा चुकी हैं। उन्होंने मेघना गुलजार की फिल्म छपाक में अभिनेत्री दीपिका पादुकोण के साथ अभिनय किया था। फिल्म में उनका करीब सात मिनट का साइड रोल था।
विज्ञापन

3 of 5
बाला प्रजापति - फोटो : अमर उजाला
नौ साल पहले हुआ था तेजाबी हमला 
बाला पर नौ साल पहले एसिड अटैक हुआ था। पारिवारिक रंजिश में उन पर तेजाब से हमला किया गया। आरोपी हरकेश सिंह के हमले में बाला के दादा भी झुलस गए थे। बाद में उनकी मौत हो गई थी। बाला का गला, हाथ और चेहरा बुरी तरह झुलस गए थे। दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में उनकी 12 सर्जरी की गईं। आरोपी हरकेश को वर्ष 2013 में हाईकोर्ट ने सात साल की सजा सुनाई। वर्ष 2016 में उसे रिहा कर दिया गया।

4 of 5
रणवीर सिंह और दीपिका के साथ बाला प्रजापति - फोटो : social media
युवतियों के लिए अपराजिता है बाला
घटना के बाद बाला ने हार नहीं मानी। इलाज के लिए माता-पिता और तीन छोटे भाई परेशान रहे। बाला खुद को आइने में देखने की हिम्मत नहीं जुटा पा रही थीं। लेकिन परिस्थितियां हार गईं और अपराजिता बाला फिर खड़ी हो गईं। उनकी मुलाकात एसिड अटैक सर्वाइवर अंशु से हुई। छांव फाउंडेशन के साथ उन्होंने काम किया। वर्ष 2017 में बाला शिरोज से जुड़ीं और आत्मनिर्भर बनीं। परिवार की मदद करने लायक हुईं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
शीरोज हैंगऑउट कैफे - फोटो : Amar Ujala
बाला यह जंग भी जीतेंगी
बाला के इलाज के लिए शुरू की गई मुहिम को अंजाम तक पहुंचाएंगे। लोगों का सहयोग मिल रहा है। बाला जीवन की दूसरी जंग जीतकर फिर अपने पैरों पर खड़ी दिखाई देंगी। - अजय तोमर, पीआरओ शिरोज हैंगऑउट कैफे

सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा: महिला सिपाही के 'इश्क में चूर' पति ने पत्नी और दो बच्चों की ली जान, बेसमेंट से मिले कंकाल
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें