भारतीय संविधान में निजता का अधिकार किसी भी व्यक्ति फिर चाहे वह स्त्री हो या पुरुष उसका महत्वपूर्ण मौलिक अधिकार है। संविधान द्वारा प्रदत मौलिक अधिकारों में एक ओर जहां अभिव्यक्ति की आजादी की बात कही गई है। वहीं किसी व्यक्ति की निजता या प्राइवेसी को भी एक संवेदनशील पहलू माना गया है। जब भी निजता के अधिकार की बात होती है तो व्यक्ति के दैनिक जीवन से जुड़े निजी क्रियाकलापों के अतिरिक्त उसके स्त्री हेतु पुरुष के साथ और पुरुष हेतु स्त्री के साथ रहने और समय गुजारने अथवा कहीं प्रवास के दौरान निजता को संरक्षित करने की बात सामने आती रही है। बीते कुछ समय में तेजी से सामाजिक परिवर्तनों और उसके अनुसार बदलते कानूनों ने एक लड़का और लड़की को साथ में रहने, घूमने और समय बिताने की आजादी दी है। अक्सर ऐसी खबरें सामने निकलकर आती रहती हैं, जिसमें होटल में रुके कपल्स को पुलिस गिरफ्तार कर लेती है। गिरफ्तार करने के बाद पुलिस द्वारा उन कपल्स के ऊपर मुकदमे दर्ज किए जाने की धमकी दी जाती है। ऐसी स्थिति में कपल्स काफी घबरा जाते हैं। इस गंभीर परिस्थिति में उनको कोई युक्ति नहीं सूझती है। इस कानूनी लफड़े में पड़ने के बाद कपल्स काफी परेशान हो जाते हैं। अगर आप भी अपनी गर्लफ्रेंड के साथ होटल में जाने की प्लानिंग कर रहे हैं। ऐसे में यह खबर खास आपके लिए है।