आचार्य चाणक्य को अर्थशास्त्र का मर्मज्ञ होने के कारण विष्णु गुप्त और कौटिल्य के नाम से भी जाना जाता था। इन्होंने नंद वंश का नाश कर चंद्रगुप्त को गद्दी पर बिठाकर इतिहास की दिशा को एक नया मोड़ दिया। ये एक कुशल कूटनीतिज्ञ, राजनीतिज्ञ और अर्थशास्त्री थे। इनके द्वारा कई राजनीतिशास्त्र, समाजशास्त्र और अर्थशास्त्र समेत कई महत्वपूर्ण शास्त्र लिखे गए। जिसमें से इनके द्वारा लिखे गए नीतिशास्त्र की बातें आज भी लोकप्रिय हैं। नीति शास्त्र में जीवन को सरल और सुगम बनाने वाली नीतियों का वर्णन किया है। आचार्य चाणक्य ने नीति शास्त्र में ऐसे सात लोगों को बारे में बताया है जिन्हें कभी भूलकर भी पैर नहीं लगाना चाहिए। यदि भूलवश पैर लग भी जाए तो तुरंत क्षमा मांग लेनी चाहिए।