Pahalgam Temple Mythology: पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है। इस हमले में करीब 28 लोगों की मौत और 17 से अधिक घायल हुए हैं। आतंकवादियों के इस हमले से पूरा देश शोक में है और सरकार से उनके प्रति कड़ी कार्रवाई करने की मांग कर रहा है। आतंकियों द्वारा यह हमला तब किया गया जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिवसीय दौरे पर सऊदी अरब में थे। इस हमले में सीधे पाकिस्तान के शामिल होने की बात कही जा रही है।
हमले के जवाबी कार्रवाई में भारत सरकार ने सालों पुरानी सिंधु जल संधि के करार को स्थगित कर दिया है। दरअसल, पहलगाम एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल है, जो कश्मीर के अनंतनाग जिले में स्थित है। यहां हजारों की संख्या में लोग घूमने के लिए आते हैं। यह जगह मुख्य रूप से शंकुधारी वन, प्राकृतिक सौंदर्य और बर्फ से ढकी चोटियों के लिए प्रसिद्ध है। इतना ही नहीं इसे अमरनाथ यात्रा के लिए एक महत्वपूर्ण पड़ाव भी माना जाता है।
इसके अलावा पहलगाम में मौजूद मंदिरों को लेकर भी तरह-तरह की मान्यताएं देशभर में प्रचलित हैं। इन्हीं में से एक ममल मंदिर, जिसे ममलेश्वर भी कहते हैं। यह मंदिर पहलगाम में लिद्दर नदी के तट पर 2,200 मीटर की ऊंचाई पर मौजूद है। ऐसी मान्यताएं हैं कि यह वहीं मंदिर है, जहां भगवान शिव ने अपने पुत्र गणेश का मस्तक शरीर से अलग कर दिया था। आइए इसके बारे में विस्तार से जानते हैं।