खरमास 2025
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खरमास के दौरान सूर्य देव धनु और मीन राशि में स्थित होते हैं। इन दोनों राशियों का स्वामी बृहस्पति है, और जब सूर्य देव अपने गुरु की राशि में होते हैं, तो इसे गुरु-आदित्य योग कहा जाता है। ज्योतिष ग्रंथों में इसे शुभ कार्यों के लिए वर्जित माना गया है। इस अवधि में सूर्य और बृहस्पति दोनों की शक्ति कमजोर मानी जाती है, जिससे मांगलिक कार्यों को टालने की सलाह दी जाती है।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): ये लेख लोक मान्यताओं पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।