आज हनुमान जयंती का पर्व है। हिंदू पंचांग के अनुसार हर वर्ष चैत्र माह की पूर्णिमा तिथि पर भगवान हनुमान का जन्मोत्सव मनाया जाता है। हनुमान भगवान शंकर के ग्यारहवें रूद्र ने वानरराज केसरी और माता अंजना के घर पुत्र रूप में जन्म लिया। हनुमान जयंती का यह त्योहार समूचे भारतवर्ष में श्रद्धा व उल्लास के साथ मनाया जाता है। आइए जानते हैं हनुमान जयंती के मौके पर भगवान हनुमान के जीवन से जुड़ी दस कहानियां।
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हनुमान जयंती
1- मान्यताओं के अनुसार हनुमानजी के जन्म का स्थान झारखंड के आंजन गांव में स्थिति एक गुफा में माना जाता है।
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hanuman jayanti
2- आंजन गांव में एकमात्र ऐसा मंदिर है, जहां भगवान हनुमान अपनी माता अंजना की गोद में बैठे दिखाई देते हैं।
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3 -मान्यता के अनुसार पवनदेव ने वानरराज केसरी की पत्नी अंजना के गर्भ में वीर्य प्रविष्ट कर दिया। इसके फलस्वरूप माता अंजना के गर्भ से श्री हनुमान का जन्म हुआ।
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भगवान हनुमान जी की प्रतिमा
- फोटो : अमर उजाला
4- हनुमान जी और भीम भाई थे। कुंती को भीम भी पवनदेव के आशीर्वाद से प्राप्त हुए थे इस कारण से दोनों भाई हुए।
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हैप्पी हनुमान जयंती
- फोटो : अमर उजाला
5- हनुमान जी भगवान राम के अलावा माँ जगदम्बा के भी बहुत बड़े भक्त थे। हर मंदिर में जहां माता जगदम्बा की प्रतिमा होती है वहां पर बजरंगली की प्रतिमा भी जरूर होती है।
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हैप्पी हनुमान जयंती
- फोटो : अमर उजाला
6- जब हनुमानजी बाल्य अवस्था में थे तो उस दौरान उन्हें बहुत जोर की भूख लगी, तो उन्होंने सूर्य को लाल फल समझ कर निगल लिया था।
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7- हनुमानजी ने रामायण वाल्मीकि से पहले ही लिख डाली थी जिसे बाद में उन्होंने समुद्र में फेंक दिया था।
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hanuman ji
- फोटो : instagram
8- ऐसी मान्यता है कि हनुमानजी आज भी जीवित हैं और कलयुग की समाप्ति तक वे इस पृथ्वी पर रहेंगे।
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Hanuman ji
- फोटो : social media
9 - हनुमान जी को सभी ब्रह्मचारी के रूप में जानते हैं लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि उनका मकरध्वज नाम का एक पुत्र भी था।
10 - हनुमान जी का विवाह भी हुआ था। दरअसल जब हनुमान जी सूर्यदेव से शिक्षा प्राप्त कर रहे थे, तब एक विद्या को प्राप्त करने के लिए वैवाहिक होना जरूरी था। इस शर्त को पूरा करने के लिए सूर्यदेव ने अपनी पुत्री का विवाह हनुमानजी से कर दिया था।