ये रियल खतरों के खिलाड़ी हैं नाम है छापेराम नेगी। इनकी बहादुरी के किस्से इजरायल तक हैं। छापेराम नेगी हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के रहने वाले हैं।
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अपनी जान जोखिम में डालकर दूसरों की जिंदगी बचाने वाले कुल्लू के छापेराम नेगी की बहादुरी के किस्से टफेस्ट मेन इन इंडिया की वेब सीरीज में भी दिखाए जाएंगे।
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देशभर के चुनिंदा आठ लोगों में कुल्लू जिले की पार्वती वैली से संबंध रखने वाले खतरों के खिलाड़ी छापेराम नेगी का नाम भी शामिल है।
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ऑनलाइन मैगजीन मेंसग्प ने उन्हें इस सीरीज में शामिल किया है। मैगजीन ने इनकी डाक्यूमेंटरी भी बनाई है। इसे ऑनलाइन प्रदर्शित किया जाएगा। इसमें रेस्क्यू के लाइव दृश्य दिखाए गए हैं।
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छापेराम नेगी कुल्लू के पहाड़ों में लापता लोगों को ढूंढने का काम करते हैं। इस्राइल मूल के लोगों को खोजने के लिए वहां की सरकार ने भी छापेराम से संपर्क रखा है।
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कई लोगों की जिंदगी बचा चुके छापेराम नेगी इन दिनों मलाणा की वादियों में लापता युवक अमन की तलाश में जुटे हैं।
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चंद्रखणी और मणिकर्ण घाटी में बर्फ के बीच फंसे पर्यटकों को बचाने में सफल रहे छापेराम नेगी अपनी टीम के साथ पर्यटन सीजन के दौरान हर वक्त मुस्तैद रहते हैं।
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टफेस्ट मेन इन इंडिया वेब सीरीज बहादुरी की कहानियों के लिए एक मंच है।
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छापेराम नेगी ने बताया कि जैसे ही किसी के लापता होने की सूचना मिलती है, वह तलाश में जुट जाते हैं।
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उन्होंने बताया कि रेस्क्यू और सर्च ऑपरेशन के लिए आधुनिक उपकरणों के अभाव में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। बावजूद इसके वे दिन-रात तलाश में डटे रहते हैं।
छापेराम नेगी का भारी बर्फ के बीच भी हौसला नहीं टूटता है। फंसे हुए लोगों का हौसला बांधते हुए नेगी उन्हें प्राथमिक उपचार भी मुहैया करवाते हैं। उनके हौसले से कई लोगों को नई जिंदगी मिल चुकी है।