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Jalandhar Blast: ये Video देखने वालों को अपने नेटवर्क से जोड़ रहा था शहजाद, उमर भी वेबसाइट पर देखता था वीडियो

Sat, 16 May 2026 12:19 PM IST
Sharukh Khan सुरिंदर पाल, अमर उजाला, जालंधर

सार

आतंकी शहजाद भट्टी गंदे वीडियो देखने वाले युवाओं को अपने टवर्क से जोड़ रहा था। जालंधर धमाके का आरोपी वेबसाइट पर गंदे वीडियो देखता था। वह गंदे वीडियो की साइट पर ट्रैप (जाल) लगाकर बैठे शहजाद भट्टी के गुर्गों के संपर्क में आया। गुर्गों ने भट्टी से उसकी बात करवाई और उसे बीएसएफ हेडक्वार्टर के बाहर विस्फोटक रखने के लिए तैयार कर लिया।
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Jalandhar Blast - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी और आतंकी शहजाद भट्टी उन युवाओं पर तीखी नजर रख रहे हैं जो इंटरनेट पर गंदी वीडियो वाली साइट देखने के शौकीन हैं। यह बात भले ही अजीब लगे लेकिन जालंधर में बीएसएफ पंजाब फ्रंटियर हेडक्वार्टर के बाहर विस्फोटक सामग्री रखने वाला मुख्य आरोपी उमरदीन खान भी गंदे वीडियो देखने का आदी था। 

वह गंदे वीडियो की साइट पर ट्रैप (जाल) लगाकर बैठे शहजाद भट्टी के गुर्गों के संपर्क में आया। गुर्गों ने भट्टी से उसकी बात करवाई और उसे बीएसएफ हेडक्वार्टर के बाहर विस्फोटक रखने के लिए तैयार कर लिया।
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जालंधर में बीएसएफ हेडक्वार्टर के पास धमाका - फोटो : अमर उजाला
इसी तरह एक अन्य आरोपी अनिल शर्मा भी सोशल साइट्स पर काफी सक्रिय रहता था और वह भी अश्लील सामग्री देखने का शौकीन था। पुलिस जांच में कई चौंकाने वाली जानकारियां सामने आई हैं। 
 
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जालंधर में बीएसएफ हेडक्वार्टर के पास धमाका - फोटो : अमर उजाला
अनिल शर्मा उर्फ मोट्टा पुत्र बबलू शर्मा मूल रूप से मुजफ्फरनगर (उत्तर प्रदेश) के थाना बुढ़ाना के अंतर्गत आने वाले गांव इटावा का रहने वाला है। वह पांच साल पहले अमृतसर शिफ्ट हो गया था। यहां वह मजदूरी करता था और कभी-कभी किराये पर ऑटो चलाता था। बाद में इंटरनेट पर अश्लील सामग्री देखने के दौरान उसका संपर्क पाकिस्तानी आतंकी शहजाद भट्टी से हो गया।

 

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जालंधर में बीएसएफ हेडक्वार्टर के पास धमाका, जांच करती पुलिस - फोटो : अमर उजाला
भट्टी ने अनिल शर्मा को टास्क दिया कि वह उसे 10 लाख रुपये देगा लेकिन इसके बदले उसे फोन पर लाइव वीडियो दिखानी होगी। भट्टी ने अनिल शर्मा को एडवांस के तौर पर 20 हजार रुपये भी भिजवा दिए। इसके बाद अनिल को लाइव लोकेशन और समय तय करके भेजा गया। 
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जालंधर में बीएसएफ हेडक्वार्टर के पास धमाका, जांच करती पुलिस - फोटो : अमर उजाला
अनिल शर्मा अमृतसर से बस के जरिये जालंधर के बीएसएफ चौक पहुंचा और वहां से पाकिस्तान में बैठे शहजाद भट्टी को वीडियो कॉल के जरिये लाइव लोकेशन दिखाई। हालांकि, अनिल शर्मा को यह नहीं पता था कि शहजाद भट्टी ने उसे विस्फोट वाले स्थान की रेकी करने के लिए भेजा है।

 
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जालंधर में बीएसएफ हेडक्वार्टर के पास धमाका, जांच करती पुलिस - फोटो : अमर उजाला
दूसरी तरफ, शहजाद भट्टी ने उमरदीन उर्फ मिट्टू पुत्र कादर खान, निवासी गांव दौलत सिंह वाला, जीरकपुर से भी संपर्क साध रखा था। उमरदीन भी अश्लील वीडियो देखने का शौकीन था और आर्थिक तंगी से जूझ रहा था। शहजाद भट्टी ने उसे भी 10 लाख रुपये देने का लालच दिया था।

 
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जालंधर में बीएसएफ हेडक्वार्टर के पास धमाका, डिलीवरी बॉय का पिता - फोटो : अमर उजाला
शहजाद भट्टी ने उमरदीन को एक दिन तरनतारन भेजा और व्हाट्सएप पर एक लोकेशन और फोटो शेयर की। फोटो में एक सुनसान जगह पर काला लिफाफा पड़ा हुआ दिखाई दे रहा था। उमरदीन को 20 हजार रुपये भेजकर कहा गया कि वह उस स्थान से काला लिफाफा लेकर आए। 

 

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jalandhar blast - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
उसे बताया गया कि इस लिफाफे से विस्फोट करना है और काम होने के बाद उसे 10 लाख रुपये भेज दिए जाएंगे। पैसों के लालच में आकर उमरदीन तरनतारन से वह लिफाफा ले आया। इसके बाद उसे संदेश मिला कि 5 मई को रात 8:15 बजे बीएसएफ हेडक्वार्टर के बाहर रखे लाल-नीले रंग के डस्टबिन में वह काला लिफाफा रख दे।

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जालंधर में धमाका - फोटो : ANI
काला लिफाफा डस्टबिन में डाला
5 मई को उमरदीन ने जीरकपुर से सेल्फ-ड्राइव पर एक कार ली। कार चालक होने के कारण टैक्सी मालिकों के बीच उसका भरोसा बना हुआ था। वह 5 मई को रात करीब आठ बजे बीएसएफ चौक के पास स्थित मार्कफेड कार्यालय के बाहर पहुंचा। वहां कार खड़ी करने के बाद वह काला लिफाफा लेकर सीधा बीएसएफ के गेट पर गया और उसे डस्टबिन में डाल दिया। 
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जालंधर ब्लास्ट - फोटो : अमर उजाला
इसके बाद वह वापस कार में आकर बैठा और वहां से निकल गया। रास्ते में उसने अपने ही नाम पर जारी दूसरी सिम वाले मोबाइल पर रिंग की (मिस्ड कॉल दी), जिसके तुरंत बाद बीएसएफ हेडक्वार्टर के बाहर जोरदार धमाका हो गया।

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