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'प्रिय चोर, आपको भी यहीं आना है' श्मशान में चोरी हुई तो ग्रामीणों ने लिखी मार्मिक चिट्ठी

Mon, 30 Nov 2020 06:53 PM IST
अनिल पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मध्य प्रदेश
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चोरी हुई तो ग्रामीणों ने लिखी मार्मिक चिट्ठी - फोटो : self

मध्य प्रदेश के बैतूल स्थित एक श्मशान घाट 'मुक्तिधाम' में चोरी होने का मामला सामने आया है, जिसके बाद ग्रामीणों ने चोरों के नाम एक मार्मिक चिट्ठी लिख दी। अब चोरों को लिखी गई यह चिट्ठी सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। 

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यह है मामला

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चोरों के नाम चिट्ठी - फोटो : self

मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में मलकापुर गांव है। यहां बने 'मुक्तिधाम' को सुंदर बनाने के लिए गांव वाले अपने जन्मदिन और परिजनों की याद में पौधे लगाते हैं। अब तक मुक्तिधाम में करीब 70 पौधे लगाए जा चुके हैं। इन पौधों की सिंचाई के लिए गांव वालों ने चंदा जुटाया और 150 फीट लंबा पाइप और वॉल खरीदा। बताया जा रहा है कि ये सारा सामान मुक्तिधाम में ही रखा था, लेकिन तीन दिन पहले चोर मुक्तिधाम से पाइप और वॉल चोरी करके ले गए। 

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पुलिस से की मामले की शिकायत

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चोरों के नाम एक मार्मिक चिट्ठी लिखी - फोटो : self

मुक्तिधाम में चोरी की जानकारी मिलने के बाद ग्रामीणों ने मामले की जानकारी पुलिस को दी और शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने भी एफआईआर दर्ज करके मामले की जांच शुरू कर दी, लेकिन तीन दिन बीतने के बाद भी चोरों का सुराग नहीं लगा।

ग्रामीणों ने लिखी मार्मिक चिट्ठी

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चोरी हुई तो ग्रामीणों ने लिखी मार्मिक चिट्ठी - फोटो : self

चोरों का सुराग नहीं लगने पर ग्रामीण परेशान हो गए। इसके बाद उन्होंने चोरों के नाम एक मार्मिक चिट्ठी लिख दी, जो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही है। इस चिट्ठी का शीर्षक 'एक पाती चोरों के नाम' रखा गया। साथ ही, इस चिट्ठी के गांव के सभी मकानों की दीवारों पर चस्पा किया गया है। 

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चिट्ठी में लिखी यह बात

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ग्रामीणों द्वारा लिखी गई चिट्ठी - फोटो : self

ग्रामीणों ने चोरों के नाम चिट्ठी में लिखा, 'प्रिय चोर, मुक्तिधाम ग्राम मलकापुर में पौधारोपण सौंदर्यीकरण आपके लिए ही किया जा रहा है। हमारे द्वारा लगाए गए सभी 70 पौधे ईश्वर के आशीर्वाद से सुरक्षित हैं और वृक्ष बनने की ओर अग्रसर हैं। जब आपके शरीर को यहां लाया जाएगा तो इन्हीं पेड़ों के नीचे आपके परिजन, मित्र, भाई, बंधु, धूप से बचेंगे और पेड़ लगाने वालों को धन्यवाद प्रेषित करेंगे। आप अंत समय में भी सुंदर मुक्तिधाम में मुक्ति पा सकोगे। कृपया चोरी कर अपनी अंतिम क्रिया की सुंदर हो रही व्यवस्था को बर्बाद न करें और आपके द्वारा दो दिन पहले इन 70 पौधों को पानी पिलाने वाला मुख्य पाइपलाइन का जो 150 फीट पाइप वॉल सहित काटकर ले गए थे, उसे जैसा का वैसा वहां लाकर रख दें, जिससे हम पर बड़ी कृपा होगी।'

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