मध्य प्रदेश के धार के सरदारपुर क्षेत्र में मिर्ची व्यापारी देवकृष्ण पुरोहित की हत्या का मामला डकैती नहीं बल्कि सुनियोजित साजिश निकला। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर सुपारी देकर हत्या करवाई थी।
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धार में पत्नी ने प्रेमी संग रची पति की हत्या की साजिश
- फोटो : अमर उजाला
मध्य प्रदेश के धार जिले में एक बार फिर रिश्तों के कत्ल की ऐसी दास्तां सामने आई है जिसने इंदौर के चर्चित 'राजा रघुवंशी हत्याकांड' की यादें ताजा कर दी हैं। सरदारपुर तहसील के ग्राम गोंदीखेड़ा चरण में जिस मिर्ची व्यापारी की मौत को डकैती बताया जा रहा था, उसकी पटकथा असल में उसकी अपनी ही पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर लिखी थी। पुलिस की पैनी नजर और कड़ाई से की गई पूछताछ ने इस सनसनीखेज 'सुपारी किलिंग' का पर्दाफाश कर दिया है।
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बिखरा पड़ा सामान
- फोटो : अमर उजाला
डकैती की सूचना से पुलिस महकमे में हड़कंप
सोमवार-मंगलवार की दरमियानी रात पुलिस को सूचना मिली कि ग्राम गोंदीखेड़ा चरण में अज्ञात बदमाशों ने मिर्ची व्यापारी देवकृष्ण पुरोहित (30 वर्ष) के घर में घुसकर लूटपाट की और उनकी हत्या कर दी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस उप-महानिरीक्षक (DIG) और धार एसपी मयंक अवस्थी, एएसपी पारुल बेलापुरकर सहित भारी पुलिस बल मौके पर पहुँचा। शुरुआती रिपोर्ट में बताया गया कि बदमाश लाखों के जेवर लेकर फरार हो गए हैं।
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जांच करती पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
पत्नी के बदलते बयानों ने खोल दी पोल
पुलिस को शुरुआती जांच में ही डकैती की कहानी पर शक होने लगा था। जांच के दौरान तकनीकी बिंदुओं और क्राइम ब्रांच की सक्रियता से कुछ चौंकाने वाले तथ्य सामने आए:
संदेह का कारण: अगर बदमाश सिर्फ लूट के इरादे से आए थे, तो उनका मुख्य मकसद हत्या करना क्यों था?
कमरे का रहस्य: बदमाशों ने पत्नी प्रियंका को अलग कमरे में बंद किया और केवल देवकृष्ण को निशाना बनाया।
बयानबाजी: पूछताछ के दौरान प्रियंका लगातार अपने बयान बदल रही थी, जिससे पुलिस का शक गहरा गया।
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मौके पर मौजूद लोग
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इंदौर के हत्याकांड जैसी रची गई साजिश
जब पुलिस ने प्रियंका से कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने अपना जुर्म कुबूल कर लिया। यह मामला बिल्कुल इंदौर के राजा रघुवंशी हत्याकांड की तर्ज पर सुपारी देकर अंजाम दिया गया था। प्रियंका ने अपने प्रेमी कमलेश के साथ मिलकर देवकृष्ण को रास्ते से हटाने की साजिश रची थी ताकि वे दोनों साथ रह सकें। प्रियंका मात्र 5-6 दिन पहले ही अपने मायके (पन्नाखेड़, महाराष्ट्र) से लौटी थी और आते ही उसने इस खूनी खेल को अंजाम दिलवा दिया।
घर पहुंचा शव तो उमड़ पड़ा गांव
मृतक देवकृष्ण अपनी मां और बहन के साथ रहते थे और हल्दी-मसाले का व्यापार करते थे। मंगलवार दोपहर जब पोस्टमार्टम के बाद उनका शव गांव पहुंचा, तो पूरे गांव की आंखें नम हो गईं। नम आंखों से मुक्तिधाम में उनका अंतिम संस्कार किया गया। पुलिस ने इस मामले में दो संदिग्धों को हिरासत में ले लिया है और सुपारी लेने वाले बदमाशों की तलाश के लिए पांच टीमें जुटी हुई हैं।
विधायक और अधिकारियों का दौरा
घटना के बाद सरदारपुर एसडीओपी विश्वदीप सिंह परिहार और राजोद थाना प्रभारी रामसिंह राठौर ने भी मौका मुआयना किया। क्षेत्रीय विधायक प्रताप ग्रेवाल ने एसपी से चर्चा कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की। डॉक्टर सचिन द्विवेदी के अनुसार, देवकृष्ण की मौत सिर में गंभीर चोट और अत्यधिक खून बहने के कारण हुई है। एसपी मयंक अवस्थी ने कहा, "ग्राम गोंदीखेड़ा में व्यापारी की मौत के मामले में पुलिस की पांच टीमें सर्चिंग कर रही हैं। आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। साथ ही सुरक्षा के मद्देनजर थाना प्रभारियों को रात्रि गश्त बढ़ाने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।"