मध्य प्रदेश के विधानसभा चुनावों में एक बार फिर शिवराज सिंह चौहान की तूती बोली है। भले ही भाजपा ने सामूहिक नेतृत्व में चुनाव लड़ा हो और शिवराज का चेहरा सीएम के चेहरे के तौर पर प्रोजेक्ट न किया हो, उन्होंने जिस तरह से चुनाव प्रचार का नेतृत्व किया और 160 रैलियां की, उसने भाजपा की जीत की नींव रखी है। शिवराज सिंह चौहान की लाड़ली बहन योजना चुनाव में गेम चेंजर साबित हुई। इस बंपर जीत के पीछे महिला वोटरों की भूमिका बेहद अहम मानी जा रही है।