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भोपाल में सेना और प्रशासन ने किया संयुक्त बाढ़ राहत अभ्यास, आपदा से निपटने की तैयारियों का जीवंत प्रदर्शन

Mon, 06 Jul 2026 10:24 PM IST
Anand Pawar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

भोपाल के बड़े तालाब में भारतीय सेना और नागरिक प्रशासन ने संयुक्त मॉक ड्रिल कर बाढ़ जैसी आपदाओं से निपटने की तैयारियों का अभ्यास किया। इस अभ्यास में राहत, बचाव और विभिन्न एजेंसियों के बेहतर समन्वय का प्रदर्शन किया गया।
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भोपाल में सेना और प्रशासन का संयुक्त बाढ़ राहत अभ्यास - फोटो : अमर उजाला
मानसून काल में बाढ़ जैसी आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए भारतीय सेना और नागरिक प्रशासन ने सोमवार को भोपाल के बड़े तालाब स्थित खानूगांव में संयुक्त मॉक ड्रिल का आयोजन किया। अभ्यास बाढ़ व्यवस्था-2026 के तहत सेना, एनडीआरएफ, एसडीईआरएफ और जिला प्रशासन ने संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव कार्यों का अभ्यास कर अपनी तैयारियों को परखा। पश्चिम मध्य प्रदेश सब एरिया के तत्वावधान में आयोजित इस वार्षिक अभ्यास का उद्देश्य बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदाओं के दौरान राहत एवं बचाव कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाना तथा विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना था।

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सेना अभ्यास करते हुए - फोटो : अमर उजाला
सेना और नागरिक एजेंसियों ने दिखाया तालमेल
अभ्यास में सुदर्शन चक्र कोर, इंजीनियर रेजिमेंट टास्क फोर्स और प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में तैनात सेना के दलों ने हिस्सा लिया। वहीं, राज्य आपदा आपातकालीन प्रतिक्रिया बल (एसडीईआरएफ), राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) और राज्य राहत आयुक्त कार्यालय सहित अन्य नागरिक एजेंसियों ने भी सक्रिय भागीदारी की। संयुक्त अभ्यास के दौरान बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने, राहत सामग्री पहुंचाने और त्वरित बचाव अभियान चलाने का सजीव प्रदर्शन किया गया। आधुनिक बचाव उपकरणों और तकनीकों का भी प्रदर्शन किया गया, जिससे आपदा के समय तेजी से राहत कार्य किए जा सकें।

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सेना के जवान सांकेतिक रूप से बाढ़ पीड़ित का इलाज करते हुए - फोटो : अमर उजाला
आपदा प्रबंधन की रणनीति पर हुआ मंथन
कार्यक्रम की शुरुआत बाढ़ प्रबंधन और राहत कार्यों की रणनीति पर आधारित व्याख्यान सत्र से हुई। इसमें विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय, राहत कार्यों की योजना, संसाधनों के उपयोग और आपदा के बाद पुनर्वास की प्रक्रिया पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों ने आपात स्थिति में त्वरित निर्णय और प्रभावी समन्वय के महत्व पर भी जोर दिया। 

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भारतीय सेना और मध्य प्रदेश पुलिस के अधिकारी - फोटो : अमर उजाला
युवाओं को नियमित प्रशिक्षण जरूरी : मेजर जनरल
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पश्चिम मध्य प्रदेश सब एरिया के जनरल ऑफिसर कमांडिंग मेजर जनरल विकास लाल ने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सेना और नागरिक एजेंसियों के बीच लगातार संयुक्त प्रशिक्षण आवश्यक है। उन्होंने कहा कि भोपाल का वाटरमैनशिप ट्रेनिंग सेंटर ऐसे अभ्यासों के लिए उपयुक्त स्थान है। उन्होंने सुझाव दिया कि जिला स्तर के अधिकारियों और स्थानीय युवाओं के लिए भी नियमित प्रशिक्षण और व्यावहारिक अभ्यास आयोजित किए जाएं, ताकि आपदा के समय सामुदायिक स्तर पर भी त्वरित और प्रभावी मदद उपलब्ध कराई जा सके।
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