घर पर 11 महीने की ऑनलाइन पढ़ाई करने के बाद जूनियर कक्षा के छात्रों का आत्मविश्वास डगमगा गया है। उनकी याद करने की क्षमता तो कम हुई है, लिखने की रफ्तार भी काफी घट गई है। छात्र थोड़े चिड़चिड़े भी हो गए हैं। स्कूल खुलने के बाद ऑफलाइन क्लास में शिक्षकों को बच्चों में ये बदलाव देखने को मिले। अब शिक्षक लर्निंग और राइटिंग के आधार पर होमवर्क दे रहे हैं ताकि वे फिर से पुरानी लय में लौट सकें।
जूनियर कक्षा 6 से 8 तक के बच्चों की ऑफलाइन पढ़ाई कोरोना की वजह से पिछले साल मार्च में बंद हो गई थी। करीब 11 महीने बच्चों ने घर में रहकर ऑनलाइन पढ़ाई की। ऑनलाइन पढ़ाई का माहौल क्लास के माहौल से बिल्कुल उलट रहा। जहां पूरी क्लास एक शिक्षक के निगरानी में पढ़ती थी, वहीं ऑनलाइन पढ़ाई के दौरान बच्चे आराम से पढ़ते थे।