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एक लाख लोगों को मिलेगा रोजगार, इस क्षेत्र में आएगी नौकरी की बहार

Thu, 01 Feb 2018 10:48 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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employment - फोटो : demo
इंवेस्टर्स समिट के जरिए टेक्सटाइल क्षेत्र में पांच हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का निवेश होने से पांच वर्ष में एक लाख से अधिक लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे। इसके साथ ही प्रदेश में यमुना एक्सप्रेस वे, फर्रुखाबाद और मेरठ में टेक्सटाइल पार्क बनाए जाएंगे।
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यह जानकारी प्रदेश के आवास नियोजन और वस्त्रोद्योग प्रमुख सचिव मुकुल सिंघल ने बुधवार को पत्रकार वार्ता के दौरान दी। उनका दावा है कि नोएडा अपैरल टेक्सटाइल चैस्टर ने यमुना एक्सप्रेस वे पांच हजार करोड़ के निवेश से टेक्सटाइल पार्क बनाने का प्रस्ताव दिया है।
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बरेली और फर्रुखाबाद में प्रस्ताव पर तेजी से काम चल रहा है। इसके अलावा उद्यमियों ने बनारस, कानपुर, गोरखपुर और लखनऊ में भी उद्योग लगाने में रुचि दिखाई है। उन्होंने बताया कि परंपरागत रूप से यूपी में टेक्सटाइल का काम अच्छा चल रहा है, लेकिन प्रदेश में रुई की खेती नहीं होने से कच्चा माल नहीं मिल रहा है।

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जीएसटी लागू होने के बाद फिर उम्मीद बढ़ी है। गारमेंट्स के क्षेत्र में यूपी नगण्य है, लेकिन अब यहां उद्योग स्थापित होंगे। गारमेंट्स उद्योग में रोजगार की अपार संभावनाओं को देखते हुए सरकार इस उद्योग में काम करने वाले श्रमिकों को पांच साल से 3200 रुपये प्रति श्रमिक दे रही है।
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कानपुर, मेरठ और आगरा में पीपीपी मॉडल पर मेट्रो चलाने का प्रस्ताव
आवास नियोजन और वस्त्रोद्योग प्रमुख सचिव ने बताया कि कानपुर, मेरठ और आगरा में मेट्रो परियोजना का प्रस्ताव केन्द्र सरकार को भेजा गया है। इस संबंध में अडानी और आईएफएलएस ने पीपीपी मॉडल पर मेट्रो चलाने का प्रस्ताव दिया है। आवास विकास में गरीबों के लिए अच्छे मकान बनाने की मुहिम में निवेशकों का रेस्पान्स अच्छा मिल रहा है। सात आठ हजार मकान बनाने की बिडिंग प्राप्त हुई है।
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वस्त्रोद्योग एवं गारमेंटिंग नीति-2017 पर हो रहा काम  
- इन्वेस्टर्स समिट में पांच हजार करोड़ या इससे ज्यादा एमओयू साइन किए जाएंगे।
- वस्त्रोद्योग नीति में छोटे उद्योगों के लिए भी दी जाएंगी बहुत सी सुविधाएं ।
- करीब पांच सौ छोटे उद्योगों के एमओयू समिट या इसके बाद में किए जाएंगे साइन।
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