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25 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद कुएं से बाहर निकाला गया तेंदुआ, टॉर्च की रोशनी लगने से गिरा था

Mon, 29 Oct 2018 11:15 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीतापुर
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- फोटो : amar ujala
लखनऊ से आई विशेषज्ञों की टीम ने 25 घंटे तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद तेंदुए को कुएं से ट्रैंकुलाइज कर देर शाम बाहर निकाला जा सका। तेंदुए को निकालने में जिले से लेकर लखनऊ तक की टीम ने लापरवाही की सारी हदें पार कर दीं। लखनऊ चिड़ियाघर से बुलाई गई विशेषज्ञों की टीम इस कदर बेपरवाह रही कि डेढ़ घंटे का सफर 16 घंटों में पूरा कर पाई।
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विशेषज्ञों की टीम सोमवार की दोपहर करीब ढाई बजे गांव पहुंची। डीएफओ सहित वन विभाग के अफसर, दो थानों की पुलिस, फायर ब्रिगेड के जवान रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान डटे रहे। बड़ी संख्या में ग्रामीणों के जमा होने से गांव में अफरातफरी का माहौल रहा।
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- फोटो : amar ujala
थानाक्षेत्र सदरपुर के खाफाकला गांव में रविवार की शाम करीब सात बजे एक तेंदुआ शिकार की तलाश में पहुंचा था। अंधेरे में चहलकदमी का आभास होने पर घर के बाहर बैठे टहलूराम ने टॉर्च लगाई। अचानक टॉर्च की रोशनी पड़ते ही तेंदुआ हड़बड़ा गया और सामने स्थित जमीन के बराबर कुएं में जा गिरा।

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- फोटो : amar ujala
वन विभाग की ओर से रात में ही लखनऊ चिड़ियाघर के विशेषज्ञों को पूरा वाक्या बताकर तेंदुए को कुएं से बाहर निकालने में मदद मांगीं थी। सोमवार दोपहर 2:30 बजे चिड़ियाघर के विशेषज्ञों की टीम गांव पहुंची। टीम में ट्रैंकुलाइज स्पेशलिस्ट डॉ. विजेंद्र, कमाल खां, इसरार, आरिफ व नासिर शामिल थे।
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- फोटो : amar ujala
इसके बाद तीन बजे डीएफओ अनिरुद्ध पांडेय पहुंचे। विशेषज्ञों ने रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान पहले पंपिंग सेट के जरिए कुएं का पानी निकाला। फिर कुएं में जाल डाला। तेंदुआ जब जाल में फंस गया तो उसे ट्रेंकुलाइज कर बाहर निकाला।
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