बाबा साहब भीमराव अंबेडकर, गौतम बुद्ध जैसे महापुरुषों के देश व समाज के प्रति क्या योगदान हैं यह बताने की जरूरत नहीं। लेकिन जिम्मेदार इन्हें लेकर कितने गंभीर हैं इसका अंदाजा इन तस्वीरों को देख कर बखूबी लगाया जा सकता है। ऐसे कई महापुरुषों की मूर्तियां कबाड़ की तरह बिखरी पड़ी हुई हैं। दरअसल, इन मूर्तियों को करोड़ों रुपए खर्च कर बनवाया गया था। महापुरुषों की ये मूर्तियां संगीत नाटक अकादमी परिसर में करीब एक दशक से जर्जर और खंडित अवस्था में पड़ी हुई हैं। इनका कोई पुरसाहाल नहीं है। लापरवाही का आलम यह है कि इनकी मरम्मत तो दूर स्थानीय प्रशासन ने इन खंडित मूर्तियों को यहां से हटवाना भी उचित नहीं समझा।