डॉ. शाहीन व डॉ. परवेज।
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शांत था स्वभाव, अपने काम से रखता था काम
रजिस्ट्रार प्रो. मोहम्मद हासिर सिद्दीकी के मुताबिक, डॉ. परवेज बेहद शांत स्वभाव का था। अपने काम से काम रखता था। किसी से अनावश्यक बात नहीं करता था। अनुशासनप्रिय होने की वजह से प्रबंधन को कभी उससे कोई समस्या नहीं हुई। इंटीग्रल में असिस्टेंट प्रोफेसर के रूप में काम करते हुए डॉ. परवेज को ज्यादा समय नहीं बीता था, इसलिए एसोसिएट प्रोफेसर के रूप में प्रमोशन की गुंजाइश नहीं थी। लिहाजा उसका इस्तीफा मंजूर कर लिया गया।