भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने भगवा आतंकवाद के नाम पर बदनाम करने के लिए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी पर हमला बोला। रायबरेली के जीआईसी मैदान में भाजपा की परिवर्तन संकल्प रैली में शाह ने कहा कि मक्का मस्जिद ब्लास्ट पर हैदराबाद के एनआईए कोर्ट का फैसला आने के बाद राहुल गांधी को देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए। पर, वोट बैंक खिसकने के डर से फैसले के चार दिन बाद भी वे माफी नहीं मांग रहे।
राहुल जहां-जहां जाएंगे वहां-वहां जनता उनसे भगवा आतंकवाद के नाम पर हिंदुओं और हिंदू संस्कृति को बदनाम करने के लिए माफी की मांग करेगी। आखिर राजनीति की गिरावट की भी कोई सीमा होती है। राहुल राजनीति को कितने निचले पर ले जाएंगे। इसकी सीमा तय करें।
सत्य को कोई छिपा नहीं सकता
कांग्रेस की सरकार के समय असीमानंद सहित अन्य लोगों पर मक्का मस्जिद में बम ब्लास्ट का आरोप लगा था। उस समय राहुल गांधी, तत्कालीन गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे, दिग्विजय सिंह ने भगवा आतंकवाद का नाम देकर हिन्दू संस्कृति को बदनाम करने का घिनौना अभियान चलाया था। शाह ने कहा कि शायद राहुल को यह पता नहीं है कि देश में कानून का राज है। किसी को गलत फंसाओगे तो वह कुछ दिन बाद बेदाग निकलकर बाहर आ जाएगा। सत्य को कोई नहीं छिपा सकता। राहुल बाबा भी नहीं।