Bhramari Pranayama: प्राणायाम फेफड़ों को मजबूत करता है और श्वसन मांसपेशियों में ताकत लाने में सहायक है। प्राणायाम के अभ्यास से ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है। प्राणायाम कई प्रकार के होते हैं। अलग-अलग स्वास्थ्य समस्याओं और स्वास्थ्य लाभ के लिए विभिन्न प्राणायाम के विकल्प हैं। इसमें से भ्रामरी प्राणायाम एक शांतिदायक योग क्रिया है, जिसमें मधुमक्खी जैसी भिनभिनाहट की ध्वनि उत्पन्न की जाती है। यह मानसिक शांति और स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में सहायक है। इस प्राणायाम के नियमित अभ्यास से जल्द असर दिखता है और मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य में सुधार होता है।