ये कोरोना की मेहरबानी है कि वे सारी चीजें जो हमारे जीवन का खास हिस्सा बन चुकी थी, वे इस साल बिल्कुल भी इस्तेमाल में नहीं आ पाईं। हमारे साथ पासपोर्ट और पावर बैंक जैसी चीजें भी घर में कैद हो गईं। इन वस्तुओं का कोई औचित्य ही नहीं रह पाया क्योंकि घर में रहते हुए जहांं हमने खूब फोन चलाया भी तो उसे चार्ज करने में कोई समस्या नहीं आई, वहीं जब हम अपने घरों से बाहर नहीं निकल पा रहे थे, तो पासपोर्ट के काम आने का तो सवाल ही नहीं उठाता है। अगली स्लाइड्स से जानिए किस प्रकार लॉकडाउन ने हमारे जीवन की इन महत्वपूर्ण वस्तुओं को भी अनुपयोगी साबित कर दिया।