यूटीआई के जोखिमों को जानिए
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यूटीआई और इसके खतरे को पहचानिए
द लैंसेट प्राइमरी केयर में प्रकाशित ये रिपोर्ट सभी महिलाओं को अलर्ट करने वाली मानी जा रही है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने कहा, यूटीआई बहुत आम समस्या हैं। दुनियाभर में आधे से ज्यादा महिलाओं को अपनी जिंदगी में कभी न कभी यह होता है, जबकि आठ में से लगभग एक
पुरुष को भी इसका खतरा रहता है।
पेट के निचले हिस्से में दर्द-थकावट, पेशाब करते समय दर्द या जलन होना और संक्रमण के कारण कई लोगों में तेज बुखार आना इसका आम संकेत माना जाता है। ज्यादातर मामलों में ये संक्रमण अपने आप या एंटीबायोटिक दवाओं से ठीक हो जाता है हालांकि जिस तरह से एंटीबायोटिक-रेसिस्टेंट का जोखिम बढ़ता जा रहा है इसने खतरों को और बढ़ा दिया है।
अध्ययन में क्या पता चला?
इस अध्ययन के लिए शोधकर्ताओं ने लगभग 54,000 ब्रिटिश मरीजों के मेडिकल रिकॉर्ड का एनालिसिस किया। इनमें से एक तिहाई से ज्यादा लोगों को ब्लैडर कैंसर था और डायग्नोसिस से पहले उन्हें कम से कम एक यूटीआई हुआ था।
- अध्ययन में पाया गया है यूटीआई की टाइमिंग यहां ज्यादा महत्वपूर्ण है। जिन लोगों को एक साल में तीन बार यूटीआई हुआ, उनमें दो साल के अंदर ब्लैडर कैंसर होने की आशंका तीन गुना ज्यादा पाई गई।
- लेकिन जिन लोगों को सिर्फ छह महीने के अंदर ही दो-तीन बार इन्फेक्शन हुए, उनमें कैंसर का खतरा लगभग पांच गुना अधिक देखा गया।
- यह लिंक महिलाओं में सबसे ज्यादा था, जिसके बारे में रिसर्चर्स का कहना है कि ऐसा इसलिए है क्योंकि उन्हें बार-बार यूटीआई होने का खतरा भी पुरुषों की तुलना में ज्यादा होता है।