समय किसी के लिए रुकता नहीं है फिर सामने कोई वायरस ही क्यों न हो। समय के साथ कोरोनाकाल में तरह-तरह के आयोजन भी शुरु हो गये हैं। विवाह जीवन की महत्वपूर्ण रस्मों में से एक है, हर परिवार उसका आयोजन बहुत अच्छे से करता है लेकिन इन दिनों विवाह की प्रक्रिया में काफी परिवर्तन आए हैं। मेहमानों की संख्या, समयावधि सब कम कर दिये गये हैं। इन दिनों शादी का मुख्य केंद्र जीवनसाथी, सात फेरे और कुछ करीबी लोगों ही हैं। देवउठनी ग्यारस के बाद से संभावना है कि आपके पास भी किसी अपने के ब्याह का न्योता आ जाए, ऐसे में उस न्योते को सहर्ष स्वीकारें लेकिन याद रखें कि कोरोना आपके आसपास ही है, इसलिए इन सावधानियों के साथ ही विवाह में शामिल हों-