फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Health Tips: सर्दियों में चोक हो गया है गला, खाने-पीने में भी हो रही है दिक्कत? बड़े काम के हैं ये देसी उपाय

Mon, 22 Dec 2025 08:01 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

आयुर्वेद चिकित्सा में कई ऐसी प्रभावी औषधियों का जिक्र मिलता है जिनको प्रयोग में लाकर सर्दी-खांसी और गले में खराश से जल्द आराम पाया जा सकता है।
विज्ञापन
1 of 4
गले में खराश - फोटो : Adobe Stock
सर्दी-खांसी और गले में खराश की समस्या काफी सामान्य है, मौसम में बदलाव या फिर एलर्जी की स्थिति में इस तरह का जोखिम काफी बढ़ जाता है। गले में होने वाली इस तरह की दिक्कतों के चलते कुछ भी खाने-पीने और यहां तक कि बोलने में भी दिक्कत होने लगती है। ज्यादातर मामलों में गले में खराश की दिक्कत को बैक्टीरियल संक्रमण के कारण होने वाली समस्या के तौर पर जाना जाता है, ऐसे में एंटीबायोटिक्स लेकर इसे ठीक किया जा सकता है। पर हर छोटी-छोटी परेशानी के लिए दवाई खाना ठीक नहीं है। कुछ आसान से घरेलू और आयुर्वेदिक चिकित्सा के उपायों की मदद से भी इसमें लाभ पाया जा सकता है।

आयुर्वेद चिकित्सा में कई ऐसी प्रभावी औषधियों का जिक्र मिलता है जिनको प्रयोग में लाकर सर्दी-खांसी और गले में खराश से जल्द आराम पाया जा सकता है। आइए जानते हैं कि इसके लिए किन उपायों को प्रयोग में लाना असरदार होता है?
विज्ञापन

2 of 4
गरारे करने के फायदे - फोटो : freepik.com
हल्दी-नमक के गरारे

गले के संक्रमण और दर्द को कम करने के लिए हल्दी-नमक के पानी से गरारे करने को भी आयुर्वेद में फायदेमंद पाया गया है। इसके लिए 250 मिली पानी में 1 टेबल स्पून हल्दी और आधा टेबल स्पून नमक डालकर 5 मिनट तक उबालें। इस पानी से गरारे करने से गले की समस्याओं को कम करने में लाभ मिलता है। हल्दी एंटी-इंफ्लामेटरी होती है जो सूजन कम करके दर्द से राहत दिलाने में काफी मददगार है। 
विज्ञापन

3 of 4
शहद खाने के फायदे - फोटो : Freepik.com
शहद से मिलता है आराम

शहद का सेवन करना सेहत के लिए काफी फायदेमंद माना जाता है। अगर आपको गले में खराश की समस्या है तो शहद में काली मिर्च मिलाकर इसका सेवन कर सकते हैं। इससे गले की खराश में आराम मिलता है। वायरल इंफेक्शन से बचाने और इंफ्लामेशन की समस्या को कम करने में शहद का सेवन करके आराम पाया जा सकता है। शहद को आयुर्वेदिक चिकित्सा में कई प्रकार से लाभकारी पाया गया है। 
विज्ञापन

4 of 4
तुलसी से होने वाले फायदे - फोटो : Adobe stock
तुलसी का काढ़ा पिएं

तुलसी का काढ़ा शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के साथ गले के संक्रमण को ठीक करने का प्रभावी उपचार हो सकती है। गले की खराश और दर्द को ठीक करने में इससे विशेष लाभ पाया जा सकता है। आयुर्वेद में तुलसी को बहुत ही गुणकारी बताया गया है। इसका काढ़ा बनाने के लिए एक कप पानी में 4 से 5 काली मिर्च और 5-6 तुलसी के पत्ते डालकर उबालें। इस पानी को छान कर सेवन करें। गले की खराश और सर्दी जुकाम में इससे लाभ मिलता है।

----------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें