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Health Tips: संक्रमण के कारण हो सकती है गले में खराश, ये रहे लक्षण और उपचार

Tue, 28 Mar 2023 11:43 AM IST
शिवानी अवस्थी हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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गले में खराश संक्रमण के कारण हो सकता है - फोटो : istock
Health Tips: बदलते मौसम के कारण अक्सर लोगों के गले में खराश या दर्द हो जाता है। गले में होने वाली कई तरह की समस्या इंफेक्शन या संक्रमण के कारण होती हैं। गले का इंफेक्शन होने पर मुख्य तौर पर दर्द, खराश, ठंडा लगना या बुखार के लक्षण दिखाई देते हैं। वहीं गले में इंफेक्शन एक आम समस्या है, जो बैक्टीरियल इन्फेक्शन, वायरल इन्फेक्शन और एलर्जी के कारण हो सकता है। कई बार मौसम में बदलाव होने या फ्लू के कारण भी गले में संक्रमण हो जाता है। गले में इंफेक्शन होने पर अक्सर लोग उन्हीं लक्षणों पर ध्यान देते हैं, जो गले से जुड़े होते हैं। हालांकि कई लक्षण शरीर के अन्य अंगों पर भी दिखाई देते हैं। बदलते मौसम के कारण अगर आपको गले में खराश, खांसी या दर्द रहता है तो हो सकता है कि आपको गले का इंफेक्शन हो गया हो। चलिए जानते हैं गले में खराश या गले में संक्रमण के लक्षण, बचाव का तरीका और उपचार क्या है।
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गले में इंफेक्शन का जोखिम बच्चों को अधिक - फोटो : Pixabay
गले में इंफेक्शन का जोखिम किसे अधिक?

गले में संक्रमण का कारण बैक्टीरिया या वायरस हो सकता है। वैसे तो किसी भी आयु वर्ग को गले में इंफेक्शन की शिकायत हो सकती है, लेकिन सबसे अधिक छोटे बच्चों में यह समस्या देखी जाती है। जिन बच्चों की प्रतिरक्षा प्रणाली कमजोर होती हैं, उन्हें आसानी से गले में संक्रमण हो सकता है।
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गले में संक्रमण के लक्षण - फोटो : istock
गले में संक्रमण के लक्षण
  • गले में खराश और दर्द
  • खाने की चीजों को निगलने में कठिनाई
  • टॉन्सिल में सूजन और दर्द
  • टॉन्सिल में सफेद परत जमना
  • गले का लाल होना
  • आवाज में बदलाव और कर्कश हो जाना
  • गला सूखना
  • जुबान पर लाल दाने आना
  • बुखार और खांसी आना
  • सिरदर्द होना

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गले में संक्रमण के कारण - फोटो : iStock
गले में संक्रमण के कारण
  • सर्दी और वायरल संक्रमण के कारण गले में इंफेक्शन हो सकता है। इसमें गले में खराश, दर्द, सूजन और बुखार की समस्या हो सकती है।
  • बैक्टीरियल संक्रमण के कारण भी गले में इंफेक्शन हो सकता है। इस कारण स्ट्रेप थ्रोट की समस्या हो सकती है और गले व टॉन्सिल में संक्रमण हो सकता है।
  • एलर्जी की वजह से भी गले में इंफेक्शन हो सकता है। प्रदूषण, पालतू जानवरों, इम्यून सिस्टम कमजोर होने या अन्य कारणों से एलर्जी हो सकती है।
  • गले पर चोट लगने के कारण व्यक्ति के वोकल काॅर्ड्स और मांसपेशियों में खिंचाव आ सकता है, इस कारण गले में खराश की शिकायत होती है। लंबे समय तक गले में खराश होने से इंफेक्शन हो सकता है।
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प्रदूषित वायु और जगह से रहें दूर - फोटो : istock
गले में इंफेक्शन से बचाव
  • गले में खराश होने या अन्य लक्षण नजर आएं तो लोगों से शारीरिक दूरी बनाएं रखें।
  • साफ सफाई का ख्याल रखें। खाना खाने से पहले और बाद में हाथों को अच्छी तरह से धोएं।
  • खांसते या छींकते समय मुँह पर रूमाल रखें।
  • सिगरेट शराब का सेवन न करें। धूम्रपान गले में इंफेक्शन को और बढ़ा सकता है।
  • जहां भी वायु प्रदूषण या गंदगी होती है, वहां थ्रोट इंफेक्शन का खतरा रहता है। गंदगी वाली जगहों पर जाने से बचें।
  • भरपूर मात्रा में पानी पीएं लेकिन ठंडा पानी न पीएं। 
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गले में इंफेक्शन के घरेलू उपचार - फोटो : Istock
गले में संक्रमण का इलाज
  • गले में संक्रमण होने पर डॉक्टर आपको एंटीबायोटिक दवाएं दे सकते हैं। डॉक्टर से सलाह के बाद ही किसी दवा का सेवन करें।
  • गंभीर स्थिति में गले के संक्रमण के इलाज के लिए एक सर्जिकल प्रक्रिया भी है, जिसमें टॉन्सिल को निकाल दिया जाता है।
  • गले में इंफेक्शन में कई घरेलू उपचार लाभकारी हो सकते हैं। इसमें मरीज नमक, लहसुन, सेब का सिरका, शहद, दूध और हल्दी, अदरक, भाप और मुलेठी आदि का उपयोग करता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से प्राप्त जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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