मेडिकल साइंस, समय के साथ किस तरह से प्रगति कर रहा है, इसका हालिया उदाहरण अमेरिकी डॉक्टरों की टीम ने पेश किया है। यहां 34 सप्ताह 2 दिन के गर्भस्थ शिशु के मस्तिष्क की सफल सर्जरी की गई है। जन्म के बाद बच्चे को हार्ट फेलियर और ब्रेन इंजरी के जोखिम से बचाने के लिए यह सर्जरी आवश्यक थी, जिसे डॉक्टरों ने सफलतापूर्वक अंजाम दिया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक गर्भस्थ में 'वेनस ऑफ गैलेन मेलफॉर्मेशन (वीओजीएम)' नामक समस्या का पता चला था, अगर इसकी सर्जरी न की जाती तो जन्म के बाद बच्चे में ब्रेन इंजरी का खतरा हो सकता था।
सर्जरी के दो दिन बाद बच्ची का जन्म हुआ, फिलहाल वह दो माह की है और उसमें जन्मजात कोई विकलांग्ता नहीं है, उसका वजन 1.9 किलोग्राम है जोकि बढ़ भी रहा है । डॉक्टर्स का कहना है कि नवजात बिल्कुल स्वस्थ है। फिलहाल उसमें किसी तरह की दिक्कत नहीं है।
आइए जानते हैं कि 'वेनस ऑफ गैलेन मेलफॉर्मेशन (वीओजीएम)' समस्या क्या होती है और किन बच्चों में इसके विकसित होने का खतरा हो सकता है?