Medically Rviewed By-
डॉ अवनीश सिंह
(कोविड मामलों के विशेषज्ञ)
लखनऊ
कोरोना महामारी को दो साल से अधिक का समय बीत गया है। अब तक दुनियाभर में सामने आए वायरस के तमाम वैरिएंट्स ने लोगों को कई तरह से प्रभावित किया है। मसलन शुरुआत में इसे जहां केवल श्वसन तंत्र तक ही सीमित करके देखा जा रहा था वहीं अब कई अन्य अंगों पर भी संक्रमण का असर देखा जा रहा है। वैसे तो कोरोना के सभी वैरिएंट्स ने श्वसन प्रणाली को प्रभावित किया है, हालांकि डेल्टा और ओमिक्रॉन जैसे वैरिएंट्स से संक्रमण की स्थिति में लोगों को अन्य अंगों से संबंधित परेशानियां भी देखने को मिली हैं। डेल्टा वैरिएंट ने जहां लोगों के फेफड़ों को गंभीर रूप से नुकसान पहुंचाया वहीं ओमिक्रॉन वैरिएंट से संक्रमण की स्थिति में लोगों में पेट से संबंधित कुछ दिक्कतें देखने को मिल रही हैं।
कुछ हालिया रिपोर्ट्स में वैज्ञानिक बता रहे हैं कि दुनियाभर के लिए चिंता का कारण बना हुआ ओमिक्रॉन का सब-वैरिएंट BA.2 (स्टील्थ ओमिक्रॉन) श्वसन प्रणाली के साथ आंतों को भी प्रभावित कर रहा है। इस स्थिति में लोगों में सामान्य लक्षणों के साथ पाचन तंत्र से संबंधित कई तरह की दिक्कतें देखी जा रही हैं। चूंकि इस समय गर्मी का मौसम है, जिसमें लोगों में पाचन की समस्याएं अधिक होती हैं, ऐसे में संक्रमण और इनके बीच अंतर कर पाना कठिन हो सकता है। आइए आगे की स्लाइडों में इस बारे में विस्तार से समझते हैं।