मंकीपॉक्स से बचाव के तरीके
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बचाव के लिए क्या करें-क्या नहीं?
जारी एडवाइजरी में बचाव के उपायों पर सभी लोगों को ध्यान देते रहने की सलाह दी गई है।
क्या करें?
- राज्यों-केंद्रशासित प्रदेशों से कहा गया है कि वे समुदायों के बीच लोगों में मंकीपॉक्स को लेकर जागरूकता बढ़ाएं।
- किसी भी संदिग्ध एमपॉक्स रोगी को तुरंत आइसोलेट किया जाना चाहिए।
- संक्रमण की रोकथाम के लिए कड़े उपाय किए जाने चाहिए।
- अस्पतालों को संदिग्ध और पुष्टि किए गए रोगियों के लिए पर्याप्त आइसोलेशन और उपचार की सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
- सुनिश्चित करें कि संदिग्ध एमपॉक्स लक्षण वाले रोगियों के सैंपल निर्दिष्ट प्रयोगशालाओं में भेजे जाएं।
क्या न करें
- मंकीपॉक्स से घबराएं नहीं। निवारक उपायों पर स्पष्टता सुनिश्चित करके इसके जोखिमों को कम किया जा सकता है।
- संदिग्ध मामलों की रिपोर्ट करने में देरी से संक्रमण और फैल सकता है, इसलिए समय न गवाएं।
- केवल लक्षण वाले रोगियों को ही भर्ती करें ताकि स्वास्थ्य सुविधाओं पर अत्यधिक बोझ न पड़े।
- हल्के मामलों को नजरअंदाज न करें। जांच करवाना और संक्रमण को रोकने के लिए प्रयास करते रहना जरूरी है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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