प्रोस्टेट कैंसर का खतरा
- फोटो : Adobe stock
प्रोस्टेट कैंसर के लक्षण क्या हैं?
प्रोस्टेट कैंसर के शुरुआती चरणों में कई बार कोई स्पष्ट लक्षण दिखाई नहीं देते हैं। बीमारी बढ़ने पर पेशाब करने में कठिनाई, पेशाब की धार कमजोर होने, बार-बार पेशाब आने और पेशाब करते समय दर्द या जलन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। कुछ मामलों में पेशाब या वीर्य में खून भी दिखाई दे सकता है।
- कैंसर बढ़ने पर कमर, कूल्हों या हड्डियों में दर्द और बिना वजह वजन कम होने जैसे लक्षण हो सकते हैं।
- हालांकि, ये लक्षण प्रोस्टेट बढ़ने या संक्रमण जैसी अन्य समस्याओं के कारण भी हो सकते हैं। ऐसे संकेत दिखने पर डॉक्टर से जांच कराना जरूरी है।
प्रोस्टेट कैंसर से बचाव कैसे करें?
प्रोस्टेट कैंसर से बचाव का कोई स्पष्ट तरीका नहीं है, लेकिन स्वस्थ जीवनशैली अपनाना फायदेमंद हो सकता है। अपनी डाइट में मौसमी फल, हरी सब्जियां, साबुत अनाज और दालों को शामिल करें। प्रोसेस्ड मीट, अधिक कैलोरी वाले खाद्य पदार्थों और मीठे पेय का सेवन कम से कम करें।
- नियमित शारीरिक गतिविधि करें और वजन को कंट्रोल बनाए रखने की कोशिश करें। बिना डॉक्टर की सलाह के कैंसर से बचाव के लिए विटामिन या अन्य सप्लीमेंट न लें।
- परिवार में प्रोस्टेट कैंसर की हिस्ट्री रही हो तो डॉक्टर से जोखिम और जांच के बारे में सलाह जरूर ले लें।
--------------
स्रोत:
High adherence to Western dietary pattern and prostate cancer risk: findings from the EPIC-Spain cohort
अस्वीकरण: ये रूपायन में प्रकाशित कंटेट है।
अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।