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अलर्ट: सामने आया कोरोना का 'सबसे खतरनाक' वेरियंट! बचाव के लिए बस दो गज की दूरी पर्याप्त नहीं

Mon, 31 May 2021 02:42 PM IST
Abhilash Srivastava हेल्थ डेस्क, अमर उजाला
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कोरोना का नया वेरियंट (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : iStock
देश में कोरोना वायरस की दूसरी लहर थमती नजर आ रही है। रोजाना संक्रमितों के मामले दो लाख से कम होने ही लगे थे कि वैज्ञानिकों ने वायरस के एक नए वेरिएंट को लेकर सचेत किया है। विशेषज्ञों ने कोरोना के वियतनाम वेरिंयट के बारे में लोगों को आगाह किया है, इसे भारत और ब्रिटेन में मिले वेरिंयट का समायोजित रूप (मिक्सचर) बताया जा रहा है। इस वेरिएंट के बारे में फिलहाल जीआईएसएआईडी (ग्लोबल इनीसिएटिव ऑन शेयरिंग ऑल इनफ्लूयंजा डेटा) की तरफ से पुष्टि नहीं की गई है, यह संस्था वायरस के नए वेरिएंट्स के बारे में जानकारी देती है। यही कारण है कि वियतनाम वेरिएंट को फिलहाल कोई नाम या कोड नहीं दिया गया है।
अब तक की प्राप्त जानकारियों के हिसाब से विशेषज्ञ इस वेरिएंट को काफी खतरनाक बता रहे हैं। आइए जानते हैं कोरोना का यह नया रूप कितना घातक हो सकता है?
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दुनिया में कोरोना का कहर - फोटो : पिक्साबे
वियतनाम सरकार ने  की पुष्टि 
वियतनाम के स्वास्थ्य मंत्री गुयेन थान लॉन्ग ने महामारी पर एक राष्ट्रीय बैठक को संबोधित करते हुए इस नए वेरिएंट के बारे में जानकारी दी है। गुयेन थान ने इसे बेहद खतरनाक बताते हुए देश के लोगों को सचेत किया है। हालांकि वियतनाम में अब तक कितने लोग इससे संक्रमित हुए हैं, इस बात की पुष्टि नहीं हो सकी है।
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कोरोना वायरस का नया वेरियंट है एयरबार्न - फोटो : PIB
नए वेरियंट के बारे में क्या कहते हैं विशेषज्ञ?
अमर उजाला ने वियतनाम वेरिएंट के बारे में विस्तार से जानने के लिए उजाला सिग्नस हॉस्पिटल्स के संस्थापक और निदेशक डॉ शुचिन बजाज से बातचीत की। डॉ शुचिन बताते हैं कि वियतनाम के इस वेरिएंट को हाइब्रेड माना जा सकता है। अब तक की जानकारियों के अनुसार इस वेरिएंट के एयरबार्न होने की आशंका अधिक है, यानी कि यह हवा के माध्यम से ज्यादा फैलता है।  डॉ शुचिन बताते हैं कि इस वेरिएंट को अब तक मिले कोरोना के अन्य वेरिएंट्स से काफी खतरनाक माना जा रहा है।

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वियतनाम वेरिएंट हो सकता है काफी संक्रामक - फोटो : Social media
काफी संक्रामक हो सकता है यह वेरिएंट
कोरोना के वियतनाम वेरिएंट की प्रकृति के बारे में डॉ शुचिन बताते हैं कि हवा के माध्यम से वायरस के प्रसार होने की मिल रही सूचनाओं का मतलब है कि यह काफी संक्रामक भी हो सकता है। इससे बचने के लिए लोगों को और अधिक सावधान रहने की जरूरत होगी। चूंकि इसके हवा के माध्यम से फैलने की सूचना मिल रही है इसलिए लोगों को घर पर भी मास्क लगाकर रखने की जरूरत हो सकती है। इतना ही नहीं अगर यह वेरिएंट भारत तक पहुंच जाता है तो इससे बचने के लिए दो गज की दूरी पर्याप्त नहीं होगी।
 
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हवा में तेजी से फैलता है नया वेरियंट (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : Pixabay
कोरोना के वियतनाम वेरिएंट की कुछ महत्वपूर्ण बातें-
वियतनाम ने अब तक इस वेरियंट के जीन का डेटा प्रस्तुत नहीं किया है, जिस वजह से इस बारे में विस्तार से जानकारी उपलब्ध नहीं है। प्रयोगशाला अध्ययनों के अनुसार विशेषज्ञ निम्न बातों की ओर इशारा कर रहे हैं।
  • पहले से ज्ञात कोरोना वायरस के वेरिएंट की तुलना में वियतनाम वेरिएंट अधिक आसानी से ट्रांसमिसिबल है।
  • यह हवा में तेजी से फैलता है।
  • शरीर में प्रवेश के साथ यह तेजी से बढ़ना शुरू कर सकता है जिससे शरीर के की कई अंगों को नुकसान हो सकता है।
  • वेरिएंट की लेबोरेट्री अध्ययन में पाया गया है कि यह तेजी से अपनी संख्या बढ़ा सकता है। मतलब संक्रमण के बाद बहुत जल्द ही व्यक्ति गंभीर रूप से बीमार हो सकता है।
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कोरोना वायरस से बचाव जरूरी (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : Pixabay
बचाव के लिए क्या करने होंगे
डॉ शुचिन बजाज बताते हैं कि इस वेरियंट से बचने के लिए मास्क लगाना (घरों में भी) बहुत जरूरी हो जाएगा। इसके अलावा लोगों से कितनी दूरी बनाकर रखनी चाहिए, सरकार को इस बारे में फिर से सोचने की जरूरत पड़ सकती है। सबसे महत्वपूर्ण, सिर्फ टीकाकरण को ही इससे बचाव का तरीका मानकर चलना होगा। सरकार को देश में टीकाकरण के अभियान में और तेजी लाने की जरूरत है। इस वेरियंट से बचने के लिए बड़ी आबादी का टीकाकरण बेहद जरूरी है।

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स्रोत और संदर्भ: 
Viet Nam detects COVID-19 variant combining Indian, British mutations

अस्वीकरण नोट: यह लेख वियतनाम के सरकारी पोर्टल से प्राप्त सूचनाओं और उजाला सिग्नस हॉस्पिटल्स के संस्थापक और निदेशक डॉ सुचिन बजाज के सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है। लेख में शामिल सूचना व तथ्य आपकी जागरूकता और जानकारी बढ़ाने के लिए साझा किए गए हैं। इसमें बताई गई किसी भी दवा के उपयोग को लेकर अमर उजाला कोई दावा नहीं करता है। अमर उजाला इस वेरियंट की पुष्टि भी नहीं करता है।
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