फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Alert: गर्भावस्था में धूम्रपान से क्या दिक्कतें होती हैं? ये जान गए तो सिगरेट को हाथ भी नहीं लगाएंगे

Sun, 01 Jun 2025 05:37 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

गर्भावस्था एक ऐसा दौर होता है जब एक महिला केवल अपने लिए नहीं, बल्कि एक नई जिंदगी के लिए भी जीती है। इस दौरान हर छोटी-बड़ी आदत का सीधा असर गर्भ में पल रहे शिशु पर पड़ता है। इन आदतों में सबसे खतरनाक है- धूम्रपान। 
विज्ञापन
1 of 5
गर्भावस्था में धूम्रपान के नुकसान - फोटो : Freepik.com
तंबाकू किसी भी रूप में आपकी सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है, चाहे वह गुटखा के रूप में चबाना हो या फिर धूम्रपान। इसका संपूर्ण शरीर पर नकारात्मक असर होता है। धूम्रपान को आमतौर पर फेफड़ों के कैंसर से ही जोड़कर देखा जाता रहा है पर इसके दुष्प्रभाव कहीं ज्यादा हो सकते हैं

वैसे तो धूम्रपान सभी के लिए हानिकारक है, पर गर्भावस्था में अगर आप तंबाकू का किसी भी रूप में इस्तेमाल करती हैं तो ये न सिर्फ आपके, बल्कि गर्भस्थ शिशु दोनों की सेहत को प्रभावित करने वाला हो सकता है।

तंबाकू के कारण सेहत को होने वाले नुकसान, बीमारियों के बढ़ते खतरे के बारे में लोगों को जागरूक करने और तंबाकू छोड़ने को लेकर लोगों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से हर साल 31 मई को विश्व तंबाकू निषेध दिवस मनाया जाता है।

आइए गर्भावस्था में धूम्रपान या तंबाकू से होने वाले दुष्प्रभावों को जानते हैं।


(ये भी पढ़िएआने वाली पीढ़ियों को तंबाकू के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए फ्रांस सरकार का बड़ा फैसला)
विज्ञापन

2 of 5
धूम्रपान के नुकसान - फोटो : Freepik.com
गर्भावस्था में धूम्रपान से हो सकता है खतरा

गर्भावस्था एक ऐसा दौर होता है जब एक महिला केवल अपने लिए नहीं, बल्कि एक नई जिंदगी के लिए भी जीती है। इस दौरान हर छोटी-बड़ी आदत का सीधा असर गर्भ में पल रहे शिशु पर पड़ता है। इन आदतों में सबसे खतरनाक है- धूम्रपान। चाहे वह खुद मां का धूम्रपान हो या उसके आसपास का ‘पैसिव स्मोकिंग’ दोनों ही स्थिति में मां और बच्चे दोनों को गंभीर नुकसान हो सकता है।

अध्ययनों से पता चलता है कि सिगरेट में लगभग 7,000 से अधिक रासायनिक तत्व होते हैं, जिनमें से 69 से अधिक कैंसरकारी होते हैं। इनके संपर्क में आना आपके लिए गंभीर समस्याओं को बढ़ाने वाला हो सकता है।
विज्ञापन

3 of 5
गर्भावस्था में बरतें विशेष सावधानी - फोटो : Freepik.com
गर्भपात का बढ़ जाता है खतरा

अध्ययनों से पता चलता है कि धूम्रपान करने वाली महिलाओं में गर्भपात की आशंका अधिक होती है। धूम्रपान के कारण गर्भनाल में रक्त के थक्के बनने का खतरा रहता है जिससे भ्रूण को ऑक्सीजन आपूर्ति बाधित हो सकती है।

वहीं विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) कहता है, गर्भावस्था के दौरान धूम्रपान की आदत समय से पहले प्रसव की आशंका को दो गुना बढ़ा देती है। इससे शिशु को श्वसन, तंत्रिका तंत्र और विकास से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं।


(मुंह-फेफड़े के कैंसर से लेकर हार्ट अटैक के खतरे को कई गुना बढ़ा देती है ये आदत)

4 of 5
भ्रूण की सेहत पर असर - फोटो : Freepik.com
शिशु का वजन-रोग प्रतिरोधक क्षमता हो सकती है कमजोर

धूम्रपान करने वाली महिलाओं के बच्चे औसतन 200-300 ग्राम कम वजन के होते हैं। इससे शिशु की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होती है और नवजात शिशु मृत्यु का खतरा भी बढ़ जाता है।
  • स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, धूम्रपान से भ्रूण के मस्तिष्क और फेफड़ों के विकास में भी बाधा आती है।
  • इससे बच्चे को आगे चलकर सीखने में कठिनाई, ध्यान केंद्रित करने में समस्या और अस्थमा या सांस की बीमारियां हो सकती हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
तंबाकू-धूम्रपान को कहें न - फोटो : Freepik.com
क्या कहते हैं डॉक्टर

डॉक्टर कहते हैं, गर्भावस्था एक नई जिंदगी की शुरुआत है, ऐसे में हर कदम सोच-समझकर उठाना जरूरी है। धूम्रपान एक ऐसी आदत है जो मां और शिशु दोनों के स्वास्थ्य पर दीर्घकालिक असर डालती है। गर्भावस्था में धूम्रपान करना सिर्फ आत्मघाती नहीं, शिशु के लिए भी जानलेवा है। इसलिए, यदि आप या कोई आपके आसपास गर्भवती है और धूम्रपान करती है, उसे रोकें। आज की छोटी गलती भविष्य के लिए भारी पड़ सकती है।




------------
नोट: यह लेख डॉक्टर्स का सलाह और मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें