हृदय स्वास्थ्य की समस्याएं
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हल्के लक्षण वाले लोग भी हो रहे हैं शिकार
अध्ययन में शोधकर्ताओं ने बताया कि लगभग 21 प्रतिशत लोग जो कोविड संक्रमण के कारण अस्पताल में भर्ती हुए थे और लगभग 11 प्रतिशत लोग जिन्हें हल्का संक्रमण था और अस्पताल में भर्ती भी नहीं हुए थे, उनमें हाई ब्लड प्रेशर की समस्या विकसित हो गई।
शोध से पता चला है कि जिन लोगों का कोरोना वैक्सीनेशन हुआ था, उनमें कोविड संक्रमण के बाद दिल का दौरा या स्ट्रोक होने की आशंका लगभग 40 से 60 प्रतिशत कम देखी गई। टीके कोविड की गंभीरता को कम करते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि जिन लोगों को कोरोना का संक्रमण रह चुका है, उन्हें एहतियातन हृदय स्वास्थ्य की जांच करा लेनी चाहिए।
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स्रोत और संदर्भ
Excess risk for acute myocardial infarction mortality during the COVID-19 pandemic
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