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अध्ययन: कोविड-19 के कारण हो सकती है थायरॉयड संबंधी यह गंभीर बीमारी, जानें लक्षण और बचाव के तरीके

Sun, 21 Mar 2021 01:35 PM IST
Abhilash Srivastava हेल्थ डेस्क, अमर उजाला
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock

कोविड-19 के कारण दुनियाभर में लोगों को समस्याओं का सामना तो करना ही पड़ रहा है, लेकिन अगर आपको पता चले कि यह कई और गंभीर रोगों का कारण भी बन सकती है तो? एक अध्ययन के दौरान विशेषज्ञों को ऐसा ही कुछ देखने को मिला है। इंडोक्रइन सोसाइटी की सालाना मीटिंंग के दौरान पेश किए गए इस अध्ययन में विशेषज्ञों ने बताया कि कोविड-19 के कारण थायरॉयड ग्रंथि में सूजन जैसे मामले देखने को मिल रहे हैं। हालांकि यह थायरॉयड में सूजन वाली सामान्य बीमारी से अलग है। विशेषज्ञों ने इसे एटिपिकल थायरॉयड इंफ्लामेशन के रूप में प्रस्तुत किया है। आइए इस बीमारी के बारे में जानते हैं।

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thyroid - फोटो : social media

विशेषज्ञों ने पाया कि अध्ययन में शामिल एक तिहाई प्रतिभागियों में बीमारी से ठीक होने के करीब तीन महीनों के बाद तक थायरॉयड इंफ्लामेशन के लक्षण देखने को मिल रहे हैं। इन रोगियों के थायरॉयड ग्रंथि की कार्यप्रणाली सामान्य हो चुकी है। इस अध्ययन के दौरान विशेषज्ञ इस बारे में जानने की कोशिश कर रहे थे कि क्या इस प्रकार की सूजन के कारण रोगी को स्थाई तौर पर थायरॉयड की समस्या हो सकती है?

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thyroid - फोटो : file photo

इटली स्थित यूनिवर्सिटी ऑफ मिलन की शोधकर्ता इलारिया मुलर इस अध्ययन में जानने की कोशिश कर रही थीं कि क्या अन्य दूसरे वायरस के कारण होने वाला थायरॉइडिटिस, सार्ससीओवी2 के कारण होने वाले थायरॉइडिटिस से अलग है? उन्होंने पाया कि थायरॉइडिटिस के सामान्य रोगियों की तुलना में सार्ससीओवी2 के कारण होने वाले थायरॉइडिटिस में गर्दन में दर्द नहीं होता है। इस बारे में जानने के लिए 53 रोगियों के साथ अध्ययन किया गया। प्रो. मुलर ने पाया कि इन करीब एक तिहाई लोगों का थायरॉइडिटिस फंक्शन तो सामान्य हो गया है लेकिन सूजन के लक्षण अब भी मौजूद हैं।

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thyroid - फोटो : social media

विशेषज्ञों की मानें तो ऐसे रोगियों को दवाओं के साथ जीवनशैली में कुछ बदलाव कर थायराइड ग्रंथि की सक्रियता पर नज़र बनाए रखनी चाहिए। इसके आलावा ऐसे रोगियों को धूम्रपान नहीं करना चाहिए। साथ ही नियमित रूप से स्वास्थ्य की जांच और योग के माध्यम से समस्याओं को नियंत्रित किया जा सकता है।

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