भारत सहित दुनिया के कई देशों में कोरोना के नए ओमिक्रॉन वैरिएंट के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। ओमिक्राॅन को लेकर कई रिपोर्टस में दावा किया जा रहा है कि खतरा उन लोगों के लिए भी बना हुआ है जिनको वैक्सीन की दोनों डोज मिल चुकी है। ऐसे में बूस्टर डोज यानी कि वैक्सीन की तीसरी खुराक पर फिर से चर्चा तेज हो गई है। कुछ अध्ययनों में दावा किया जा रहा है कि बूस्टर डोज देकर लोगों की प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करके उन्हें कोरोना के इस संकट से सुरक्षित रखा जा सकता है। हालांकि देशवासियों के लिए बूस्टर डोज कब तक उपलब्ध हो सकेगी, इसपर अभी बड़ा प्रश्न चिन्ह बना हुआ है। भारत के वैक्सीनेशन प्रोटोकॉल के मुताबिक, फिलहाल लोगों को एक तय अंतराल के बाद टीके की दो खुराक देने का नियम है। वहीं अब तक देश में 138 करोड़ से अधिक लोगों को टीके की कम से कम एक खुराक मिल चुकी है। कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट पर बूस्टर डोज कितनी असरदार हो सकती है, साथ ही कब तक इसके देशवासियों को मिलने की उम्मीद है, आइए आगे की स्लाइडों में इस बारे में जानते हैं।