प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Amar Ujala
लोग इन शोध के लिए स्वयंसेवक के तौर पर अपना पंजीकरण करा सकते हैं। डॉ.फाउची कहते हैं कि लोगों को लगता है कि इस दौड़ में कोई एक वैक्सीन जीतेगी, लेकिन मैं सबका हौसला बढ़ा रहा हूं। वो कहते हैं, हमें कई वैक्सीन चाहिए, हमें पूरी दुनिया के लिए वैक्सीन चाहिए, न कि किसी एक ही देश के लिए। दुनियाभर में सरकारें वैक्सीनों में निवेश कर रही हैं, ताकि किसी वैक्सीन के प्रभावी सिद्ध होने पर समय पर टीकाकरण किया जा सके।