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बदलाव को खुले दिल से अपनाएं, डरने के बजाय वक्त को समझने की करें कोशिश,ये बातें भी रखें ध्यान

Wed, 09 Oct 2019 04:41 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क/अमर उजाला, लखनऊ
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
 जीवन चलने का नाम... ये गाना तो सभी ने सुना होगा। यह हकीकत भी है। जिंदगी किसी के रोके नहीं रुकती। बदलाव होकर ही रहता है यह शाश्वत सत्य है। जिंदगी का हर एक पल बदलता रहता है। इस दौर में आप नए घर में भी जा सकते हैं। नई कार भी खरीद सकते हैं। शादी या तलाक भी संभव है। बच्चे का जन्म भी हो सकता है। नई नौकरी भी मिल सकती है। आर्थिक लाभ या हानि कुछ भी हो सकता है।
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डॉ शर्मिला सिंह - फोटो : अमर उजाला
बदलते वक्त से कैसे बिठाएं सामंजस्य बता रही हैं पायनियर मॉन्टेसरी इंटर कॉलेज, एल्डिको की प्रिंसिपल डॉ. शर्मिला सिंह।
रोकने की कोशिश न करें, डरे नहीं
सबसे पहले तो परिवर्तन को रोकने की कोशिश न करें। यह एक स्वाभाविक प्रक्रिया है। कभी-कभी ये बदलाव अच्छे भी हो सकते हैं और कभी हमारे विरुद्ध भी। इसे रोकने के हमारे सारे प्रयास निष्फल ही होंगे, इसलिए खुद को नए हालात के लिए तैयार करें। सामान्यत: लोग बदलाव से डरते हैं और यह एक मानवीय आदत का हिस्सा है। दरअसल लोगों को डर होता है कि वे कहीं बदलाव के कारण विपरीत परिस्थितियों में न फंस जाएं या फिर कहीं वे अपनी वर्तमान सफलता को खो न बैठें। किसी के भी खिलाफ लड़ने से बेहतर है कि सोच को सकारात्मक रखें।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
अपनी ऊर्जा को व्यर्थ न गंवाएं
मान लीजिए कि बदलाव आपके पक्ष में नहीं तो भी आप अपनी ऊर्जा को गुस्सा, चिंता या लड़ने में व्यर्थ न गंवाएं। बल्कि यही वो समय है जब आप खुद में कुछ अच्छी आदतें विकसित कर सकते हैं। बदलाव को अपने विकास का अवसर समझें। नई चुनौतियों के लिए खुद को तैयार करें।

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प्रतीकात्मक तस्वीर
रोकने की कोशिश न करें, डरे नहीं
सबसे पहले तो परिवर्तन को रोकने की कोशिश न करें। यह एक स्वाभाविक प्रक्रिया है। कभी-कभी ये बदलाव अच्छे भी हो सकते हैं और कभी हमारे विरुद्ध भी। इसे रोकने के हमारे सारे प्रयास निष्फल ही होंगे, इसलिए खुद को नए हालात के लिए तैयार करें। सामान्यत: लोग बदलाव से डरते हैं और यह एक मानवीय आदत का हिस्सा है। दरअसल लोगों को डर होता है कि वे कहीं बदलाव के कारण विपरीत परिस्थितियों में न फंस जाएं या फिर कहीं वे अपनी वर्तमान सफलता को खो न बैठें। किसी के भी खिलाफ लड़ने से बेहतर है कि सोच को सकारात्मक रखें।

 
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प्रतीकात्मक तस्वीर
ये बातें भी रखें ध्यान
- आप में आलोचना का सामना करने और उसे सुनने की आदत होनी चाहिए।
- जिसकी आप आराधना करते हैं उस पर भरोसा रखिए।
- बदलाव को चुनौतियों और अवसर की तरह स्वीकार कीजिए।
- अपनी कल्पना शक्ति को मजबूत बनाइए। इसमें सकारात्मक बदलाव लाकर आप हर चुनौतियों का सामना कर सकेंगे।
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