शारीरिक निष्क्रियता को मौजूदा समय में तेजी से बढ़ रही कई प्रकार की बीमारियों के प्रमुख कारण के तौर पर जाना जाता है। डायबिटीज से लेकर हृदय रोगों तक के लिए इसे एक कारक माना जाता रहा है। इस तरह की दिक्क्तों के जोखिम को कम करने के लिए स्वास्थ्य विशेषज्ञ सभी लोगों को दिनचर्या में नियमित रूप से व्यायाम को शामिल करने की सलाह देते हैं। जिम जाना हो या फिर योग का अभ्यास, रनिंग-वॉकिंग से लेकर साइकिलिंग तक की आदत आपको शारीरिक रूप से सक्रिय रखकर इस तरह की क्रोनिक बीमारियों के जोखिम को कम करने में सहायक हो सकती है।
सभी लोगों को रोजाना कम से कम 30 मिनट योग-व्यायाम करने की सलाह दी जाती है, ऐसा करके आप शरीर को स्वस्थ रख सकते हैं। पर क्या आप ज्यादा लाभ के लिए बहुत अधिक व्यायाम करते हैं? दिन में दो-तीन घंटे या उससे भी अधिक? ध्यान दें, ऐसी आदत, फायदे की जगह आपके लिए नुकसानदायक हो सकती है।
अधिक व्यायाम करने की आदत के कई दुष्प्रभाव हो सकते हैं। इतना ही नहीं यह हृदय और हड्डियों के लिए भी दिक्कतों का कारण बन सकती है। आइए जानते हैं कि कितने घंटे के व्यायाम को सेहत के लिहाजे से नुकसानदायक माना जाता है और इसके क्या संभावित दुष्प्रभाव हो सकते हैं?