जम्मू-कश्मीर में 10 साल बाद विधानसभा चुनाव का पहला चरण आज आयोजित किया जा रहा है। सुरक्षा के कड़े इंतजामों के बीच, मतदान प्रक्रिया को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संचालित करने के लिए सभी आवश्यक उपाय किए गए हैं। इस चरण में राज्य के सात जिलों की 24 विधानसभा सीटों के लिए वोट डाले जा रहे हैं।
विज्ञापन
2 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : बासित जरगर
सुबह से ही मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। युवा वर्ग में चुनावी जोश और उत्साह स्पष्ट दिखाई दे रहा है। इस दौरान, बुजुर्ग मतदाता भी अपने अधिकार का उपयोग करने के लिए पूरी सक्रियता से मतदान केंद्रों पर पहुंचे हैं। उन्होंने न केवल अपने वोट का महत्व समझा, बल्कि युवा पीढ़ी को भी प्रेरित किया।
विज्ञापन
3 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : बासित जरगर
मतदान केंद्र पर, जहां लोगों की भीड़ लगी हुई थी, एक युवा मतदाता ने कहा, "यह हमारा अधिकार है और हमें इसका उपयोग करना चाहिए। हम सभी एक नई शुरुआत की ओर बढ़ना चाहते हैं।'वहीं, एक 70 वर्षीय बुजुर्ग ने अपनी राय साझा करते हुए कहा, 'हमने पिछले चुनावों में भी भाग लिया था। इस बार भी हमें अपनी आवाज उठाने का अवसर मिला है। यह महत्वपूर्ण है कि हम अपने प्रतिनिधियों का चयन करें।'
4 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : बासित जरगर
सुरक्षा व्यवस्था के तहत, पुलिस और सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण और सुरक्षित होगी। कई स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति को रोका जा सके।
विज्ञापन
5 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : बासित जरगर
मतदान का समय सुबह 7 बजे से शुरू होकर शाम 6 बजे तक है। इस दौरान, कई मतदान केंद्रों पर मतदाता अपनी बारी का इंतजार करते हुए एक-दूसरे के साथ बातचीत करते नजर आए। मतदान केंद्रों पर युवा मतदाता उत्साह के साथ अपनी पहचान पत्र और वोटर कार्ड दिखाते हुए नजर आए।
विज्ञापन
6 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : बासित जरगर
महिलाओं की भागीदारी भी उल्लेखनीय रही है। कई स्थानों पर महिलाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपने अधिकार का प्रयोग किया। एक महिला मतदाता ने कहा, 'हमारे लिए यह जरूरी है कि हम अपने हक के लिए खड़े हों और अपने भविष्य को चुनें।'
विज्ञापन
7 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : बासित जरगर
इस चुनावी माहौल में राजनीतिक दलों द्वारा भी मतदाताओं को प्रेरित करने के लिए अभियान चलाए गए हैं। चुनाव आयोग ने भी मतदाताओं को मतदान के लिए जागरूक करने के कई प्रयास किए हैं, जिससे लोग अपने अधिकार के प्रति सजग हो सकें।
8 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : अमर उजाला
आंकड़ों के अनुसार, इस चरण में लगभग 10 लाख मतदाता अपने मताधिकार का उपयोग कर सकते हैं। सभी की नजरें अब चुनाव परिणामों पर हैं, जो भविष्य की राजनीतिक दिशा तय करेंगे।
9 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : अमर उजाला
जम्मू-कश्मीर के लोग इस बार अधिक सक्रियता के साथ अपने प्रतिनिधियों का चयन करने के लिए आगे आए हैं। यह न केवल लोकतंत्र की मजबूती का प्रतीक है, बल्कि यह इस बात का भी संकेत है कि लोग अपने हक और भविष्य के प्रति सजग हैं।
10 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : बासित जरगर
इस प्रकार, जम्मू-कश्मीर में चुनावी प्रक्रिया का यह पहला चरण उत्साह और उम्मीदों से भरा हुआ नजर आ रहा है।
11 of 12
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव
- फोटो : बासित जरगर
दिव्यांग जनों ने भी मतदान केंद्रों पर पहुंचकर लोकतंत्र में अपनी आवाज उठाई। यह एक महत्वपूर्ण बदलाव है, जो दर्शाता है कि सभी वर्गों के लोग अपने अधिकारों का उपयोग करने के लिए तत्पर हैं। दिव्यांग मतदाताओं की उपस्थिति ने मतदान प्रक्रिया को और भी समावेशी बनाया। कई मतदान केंद्रों पर विशेष सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई थीं, जिससे उन्हें मतदान में आसानी हुई।
इस बार की चुनावी प्रक्रिया में, दिव्यांग जनों ने न केवल अपना वोट डाला, बल्कि अन्य मतदाताओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बने। यह उदाहरण इस बात का प्रतीक है कि हर व्यक्ति को अपनी आवाज उठाने का अधिकार है, चाहे वह किसी भी स्थिति में क्यों न हो। इस तरह, चुनावों में दिव्यांग जनों की भागीदारी ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया को और मजबूत किया है।