जम्मू-कश्मीर में कोरोना के मामले कम होने के साथ प्रदेश सरकार की तरफ से कोरोना पाबंदियों में ढील देना भी शुरू हो गया है। वहीं अनलॉक के साथ बाजारों और पर्यटन स्थलों पर लोगों की भारी भीड़ देखने को मिल रही है। हर कोई घर से निकलकर पहाड़ों की तरफ निकल रहा है। लोग मास्क पहने बिना और कोरोना के अन्य बचाव के निर्देशों का पालन किए बिना ही पूरी तरह से मनमानी कर रहे हैं। पहली कोविड लहर की तुलना में पांच माह में ही दूसरी लहर ने जम्मू कश्मीर में जमकर तबाही मचाई। प्रतिदिन हजारों कोविड संक्रमित मामले आने के साथ 70 से 80 लोगों की दैनिक जान जाती रही। इन पांच महीनों में ही अब तक 2380 लोगों की कोविड से मौत हो चुकी है जो पिछले 12 माह की तुलना में कई गुणा अधिक थी। सिर पर कोविड महामारी के पड़ने पर समाज में कुछ बदलाव देखा गया, लेकिन संक्रमण का प्रसार कम होने के बाद अब दोबारा पहले जैसे हालात बनने लगे हैं।