कश्मीर की आजादी के नाम पर कश्मीर में जो कुछ भी होता आया है और जो कुछ भी हो रहा है, उसे यह बच्चा कभी नहीं भूल पाएगा। दो दिन पहले श्रीनगर के पहलगाम का रहने वाला यह बच्चा उदारवादी हुर्रियत कांफ्रेंस के अध्यक्ष मीरवाइज की रैली में गया था। मीरवाइज को तो नजरबंद कर लिया गया लेकिन उनके समर्थकों ने घाटी में जमकर बवाल किया। आतंकी संगठन लश्कर के साथ ही पाकिस्तानी झंडे लहराए।
(सभी फोटो- सोशल मीडिया)
अलगाववादियों की रैली में जाने का ये सिला मिला, गई आंखों की रोशनी
2 of 6
मीरवाइज को तो नजरबंद कर लिया गया लेकिन उनके समर्थकों ने घाटी में जमकर बवाल किया। आतंकी संगठन लश्कर के साथ ही पाकिस्तानी झंडे लहराए। अलगाववादियों के इसी काफिले में दसवीं क्लास का हामिद भी था।
अलगाववादियों की रैली में जाने का ये सिला मिला, गई आंखों की रोशनी
3 of 6
हामिद हनिफा स्कूल राजपोरा में पढ़ता था। रैली के दौरान जब सुरक्षाबलों ने प्रदर्शनकारियों पर पेलेट गन से फायर किया तो उसकी चपेट में हामिद भी आ गया।
अलगाववादियों की रैली में जाने का ये सिला मिला, गई आंखों की रोशनी
4 of 6
डॉक्टरों का कहना है कि हामिद के चेरहे पर कम से कम सौ छर्रे लगे हैं। इसमें से कुछ छर्रे हामिद की आंखों में भी चले गए जिस कारण उसकी आंखों की रोशनी जाने का खतरा बना हुआ है।
अलगाववादियों की रैली में जाने का ये सिला मिला, गई आंखों की रोशनी
5 of 6
हामिद के पिता नाजिर अहमद का कहना है कि, उसकी दाईं आंख की रोशनी जाने का खतरा बना हुआ है। डाक्टर भी इस बारे में कुछ कहने से कतरा रहे हैं। प्रदर्शनकारियों के हुजुम में फंसे हामिद के लिए जिंदगी की सबसे बड़ी गलती साबित हुई। गलती जिसकी भी रही हो लेकिन हामिद के परिवार के लिए वही सेना अब दुश्मन बन चुकी है जिसने बाढ़ के समय कश्मीरियों की जान बचाई थी।
अलगाववादियों की रैली में जाने का ये सिला मिला, गई आंखों की रोशनी
6 of 6
आईजीपी जावेद गिलानी का कहना है कि, हामिद प्रदर्शनकारियों के बीच शामिल था और उसने सुरक्षाबलों पर पथराव भी किया था। उन्होंने साफ किया कि कुछ ही लोगों के पास पेलेट गन थी और पेलेट गन का इस्तेमाल करना नियम के खिलाफ नहीं है।