कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बिहार तथा उत्तर प्रदेश के आश्रय गृहों सहित कथित बलात्कार की घटनाओं पर चुप रहने का आरोप लगाया और कहा कि मोदी सरकार में महिलाओं के खिलाफ जो हो रहा है वह भारत में पिछले तीन हजार सालों में भी नहीं हुआ।
गांधी ने कहा कि उनका लक्ष्य कांग्रेस में 50 प्रतिशत महिलाओं को लाने का है। उन्होंने कहा कि भाजपा इस तरह का नजरिया पेश नहीं कर सकती क्योंकि इसका ‘‘मूल संगठन’’ आरएसएस ‘‘पुरुषों के प्रभुत्व वाला संगठन’’ है।
सरकार के नारे ‘‘बेटी बचाओ, बेटी पढाओ’’ के संदर्भ में गांधी ने कहा कि असल में यह ‘‘भाजपा विधायकों से बेटियों को बचाओ’’ है। दरअसल गांधी बलात्कार के मामलों में आरोपी कुछ भाजपा नेताओं के परोक्ष संदर्भ में बात कर रहे थे।
उन्होंने उत्तर प्रदेश और बिहार के मुजफ्फरपुर में आश्रय गृहों में लड़कियों के बलात्कार के बीच, महिलाओं के खिलाफ अत्याचारों पर मोदी की चुप्पी पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री हर चीज पर बोलते हैं, बुलेट ट्रेन पर, शौचालय पर लेकिन महिलाओं पर नहीं। महिलाओं पर जब भी अत्याचार होते हैं, वह नहीं बोलते।’’
गांधी ने कहा, ‘‘(उन्होंने) भारत को बदलने की बात कही थी, 70 सालों की बात की थी... उन्होंने पिछले चार सालों में महिलाओं के खिलाफ जो कुछ किया वह इस देश में, 70 साल तो छोड़िए पिछले तीन हजार सालों में नहीं हुआ।’’
गांधी ने महिला आरक्षण विधेयक को पारित कराने के लिए उनकी पार्टी का पूरा समर्थन देने का वादा भी किया। उन्होंने कहा कि अगर मोदी सरकार इसे लेकर नहीं आती है तो कांग्रेस सत्ता में आने के तुरंत बाद इसे लेकर आएगी।
उन्होंने कांग्रेस के भीतर महिलाओं के सशक्तिकरण और उन्हें संगठन में आगे लेकर आने तथा एक न एक दिन राज्य या देश का नेतृत्व देने की भी बात की। उन्होंने एसआईसीसी की केन्द्रीय इकाइयों में और महिलाओं को शामिल करने का भी वादा किया और कहा, ‘‘देश को उनकी जरूरत है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘यूपी में महिलाओं का बलात्कार हुआ, प्रधानमंत्री इस पर एक शब्द भी नहीं बोले। झारखंड और विभिन्न राज्यों में महिलाओं का बलात्कार होता है, बिहार में छोटी बच्चियों का बलात्कार हुआ लेकिन हमारे प्रधानमंत्री इस पर एक शब्द नहीं बोल सकते।’’
उन्नाव बलात्कार मामले के संदर्भ में गांधी ने कहा कि यूपी में ‘‘उनके विधायक पर बलात्कार का आरोप है’’ लेकिन प्रधानमंत्री एक शब्द नहीं बोलते। उन्होंने कहा कि देश में महिलाएं डरकर बाहर निकलती हैं। गांधी ने कहा कि वह जब भी विदेश जाते हैं और नेताओं को गले लगाते हैं तो उनके पास इस सवाल का जवाब नहीं होता कि भारत में महिलाएं सुरक्षित क्यों नहीं हैं?