कैसे हुई मौत?
भारत में चीतों को बसाने के महत्वकांक्षी प्रोजेक्ट को उस वक्त बड़ा झटका लगा, जब नामीबिया से आई फीमेल चीता साशा कूनो नेशनल पार्क स्थित अपने बाड़े में मृत मिली। उसकी किडनी खराब थी और उसका इलाज चल रहा था। मादा चीता साशा में 22-23 जनवरी को बीमार होने के लक्षण पता चले थे। इसके बाद उसे बड़े बाड़े से छोटे बाड़े में शिफ्ट किया गया। तब उसका इलाज करने के लिए वन विभाग ने इमरजेंसी मेडिकल रिस्पॉन्स टीम को कूनो भेजा था। शुरुआती लक्षणों में डीहाइड्रेशन और किडनी की बीमारी का पता चला था।