ज्वाला देवी मंदिर।
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उधर, ज्वाला देवी मंदिर में आज भी बाबा गोरक्षनाथ के इंतजार में पानी खौल रहा है। खिचड़ी चढ़ाने की शुरुआत भोर में गोरक्षपीठाधीश्वर द्वारा होती है, उसके बाद यह सिलसिला देर शाम तक चलता रहता है। मान्यता है कि खिचड़ी चढ़ाने वाले भक्तों की हर मनोकामना शिवावतारी गुरु गोरक्षनाथ पूरी करते हैं।