जंगल दीर्घन सिंह गांव।
- फोटो : अमर उजाला।
छोटी पंचायत होने से कम मिलता था बजट, तभी महसूस हुई जरूरत
जंगल दीर्घन सिंह गांव के निवर्तमान युवा प्रधान विवेक शाही कहते हैं कि उनकी पंचायत छोटी है। इसलिए बजट कम मिलता था। इस कमी ने ही पंचायत की आय बढ़ाने के लिए प्रेरित किया, ताकि गांव का ज्यादा से ज्यादा विकास किया जा सके। विवेक बताते हैं कि गांव के लोगों की आय सीमित है। ज्यादातर लोगों का पूरा परिवार कृषि से होने वाली, आय पर निर्भर है। 2015 में प्रधान बनने के बाद उन्होंने सोचा कि छोटे-छोटे प्रयास शुरू किए जाएं और थोड़ा-थोड़ा धन एकत्रित किया जाए, ताकि लोगों पर भार भी न बढ़े और पंचायत की आय बढ़ती रही।