चंदोताल।
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चंदोताल जिला मुख्यालय से आठ किलोमीटर दूरी पर नगर बाजार व अठदमा के बीच पांच किमी लंबाई व चार किमी की चौड़ाई में फैला है। 1996 में वन विभाग ने इसे पक्षी विहार घोषित किया था। नवंबर माह से ही यहां विदेशी पक्षियों का आना शुरू हो जाता है। करीब तीन माह के प्रवास के बाद पक्षी फरवरी मार्च में वापस अपने देश लौट जाते हैं। यहां पर ठंड के मौसम में साइबेरियन और ऑस्ट्रेलियन पक्षियों का आगमन बड़ी संख्या में होता है। यह ताल शरद ऋतु में विदेशी पक्षियों से भरा रहता है। इस बार ठंड के मौसम में विदेशी पक्षियों का आगमन लोगों के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। इस ताल में साइबेरियन पक्षी लालसर, बत्तख, टिकिया, सिलही ऑस्ट्रेलियन पक्षी ओपेन बिल आदि की बड़ी संख्या में आवक होती है। चारों तरफ उन्हीं का कलरव गूंज रहा है।