गोरखपुर खाद कारखाना।
- फोटो : अमर उजाला।
गोरखपुर में एचडीपी प्लास्टिक बैग बनाने वाली हैं चार फैक्ट्रियां
खाद कारखाने में हरेक महीने करीब 30 लाख हाई डेंसिटी पॉलिथीन (एचडीपी) यानी उत्कृष्ट श्रेणि वाली प्लास्टिक की बोरियों की आवश्यकता पड़ेगी। गोरखपुर में ऐसी बोरियां बनाने वाली चार फैक्ट्रियां हैं। इनमें प्रियंवदा इंडस्ट्री, एवीआर पेट्रो, माडर्न लेमिनेटर्स और श्रीकृष्णा पॉलीफैब प्राइवेट लिमिटेड शामिल हैं। एक और खुलने वाली है।
एबीआर पेट्रो के एमडी अशोक शाव ने कहा कि पंजाब, हरियाणा, राजस्थान आदि प्रदेशों में केंद्रीय उपक्रमों ने स्थानीय उद्योगों को एंसिलरी उद्योग का दर्जा दिया है। इस वजह से स्थानीय उद्योगों को अपने उत्पादों की बिक्री के लिए भटकना नहीं पड़ता है। इसी तरह की सुविधा देने के लिए खाद कारखाना प्रशासन के अलावा जिला प्रशासन स्तर पर भी बात की गई है, लेकिन अब तक सार्थक परिणाम नहीं निकला है।