कोरोना वायरस।
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मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि 19 अक्तूबर तक जिले के सरकारी और निजी अस्पतालों में कोरोना के कुल 3201 मरीज भर्ती करवाए गए। जिले में 13765 लोग होम आइसोलेशन में इलाज करवा चुके हैं। होम आइसोलेशन एक बेहतर विकल्प भी है लेकिन अति बुजुर्ग, गंभीर तौर पर बीमार लोगों के लिए यह घातक साबित हो सकता है। कई ऐसे मामले सामने आ रहे हैं जिनमें इन अवस्थाओं के बावजूद लोग अस्पताल नहीं जाना चाह रहे हैं। चिकित्सकों और आरआरटी के साथ लोग बहसबाजी भी कर रहे हैं और इनकार कर देते हैं। संज्ञान में आने पर ऐसे लोगों को पुलिस की सहायता से अस्पताल में भर्ती भी कराया जा रहा है, लेकिन यह हालात ठीक नहीं हैं। अगर कोई होम आइसोलेशन योग्य नहीं है तो उसे खुद अस्पताल में भर्ती होने हेतु पहल करनी चाहिए।