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गोरखपुर कांड: मुर्तजा ने जेल में 24 में से 19 घंटे सोकर बिताए, दाल-रोटी की जगह ब्रेड और सब्जी खाई

Mon, 18 Apr 2022 02:00 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
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आतंकी मुर्तजा। - फोटो : अमर उजाला।
गोरखपुर जिले के गोरखनाथ मंदिर के सुरक्षाकर्मियों पर हमले के आरोपी अहमद मुर्तजा अब्बासी ने जेल में 24 घंटे में 19 घंटे सोकर बिताए। सूत्रों के अनुसार, मेडिकल कराने के बाद बैरक में पहुंचते ही वह सो गया। खाने में रोटी-दाल की जगह ब्रेड और सब्जी खाई। सुबह नहाने के बाद नमाज अदा की।

मुर्तजा को हाई सिक्योरिटी वाली तनहाई बैरक में रखा गया है। सूत्रों के मुताबिक, मुर्तजा के चेहरे पर सामान्य भाव दिखाई दिए। बताया कि ब्रश करने के लिए पेस्ट की मांग की है।

मुर्तजा को रोजमर्रा के इस्तेमाल के लिए दो कंबल, एक बाल्टी, एक मग, एक थाली, एक गिलास और साबुन मिले हैं। उसने अपने पास पानी की एक बोतल रख रखी है, जिससे समय-समय पर पानी पीता रहता है।
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एटीएस ने मुर्तजा को कोर्ट में पेश किया। - फोटो : ANI
जानकारी के अनुसार मुर्तजा के पिता ने एटीएस को बताया है कि जब वह आईआईटी मुंबई में पढ़ाई कर रहा था उस समय उसके साथ रैगिंग की घटना हुई थी। एक साल हॉस्टल में रहने के बाद वह वापस आ गया था और पिता के साथ ही मुंबई में रह कर पढ़ाई पूरी कर रहा था। मुनीर ने एटीएस के सामने दावा यह भी किया है कि इस घटना की शिकायत भी की गई थी। एटीएस के अधिकारियों का कहना है कि जो भी जानकारी मुर्तजा के पिता ने दी है उसे मुंबई में संबंधित कॉलेज और हॉस्टल से सत्यापित कराया जाएगा। 

 
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पुलिस हिरासत में आरोपी मुर्तजा - फोटो : अमर उजाला
इसके अलावा आईएसआईएस के संपर्क में आने के बाद किन-किन विदेशी नंबरों पर मुर्तजा ने बात की है, इसकी भी पड़ताल की जा रही है।

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Gorakhnath Mandir Attack - फोटो : अमर उजाला।
उधर, एटीएस ने मुर्तजा के कुछ करीबियों को नोटिस भेजकर बुलाया है। इसमें से उनके चाचा मोहम्मद अब्बासी का नाम भी शामिल है।
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Gorakhnath Mandir Attack - फोटो : अमर उजाला

अरबी भाषा के कोड में बात करता था मुर्तजा

अहमद मुर्तजा अब्बासी अरबी भाषा के कोड में बात किया करता था। एटीएस को मुर्तजा के घर से जिहादी लिटरेचर मिला है। इसमें एक अरबी किताब भी है। शुरुआती जांच में माना जा रहा था कि धर्म के प्रति निष्ठा की वजह से मुर्तजा इसे पढ़ता था। मुर्तजा के साथ एटीएस उस किताब को भी लखनऊ मुख्यालय लेकर गई। बारीकी से जांच करने पर किताब में कई शब्दों को रेखांकित किया पाया गया है।

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